भोपाल। भोपाल के आसाराम चौराहा से रत्नागिरि तिराहे तक 16 किमी लंबे अयोध्या बायपास को 10 लेन में बदलने के लिए काटे जा रहे 7871 पेड़ों की कटाई पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने 8 जनवरी तक रोक लगा दी है।
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने 10 लेन प्रोजेक्ट के तहत पेड़ कटवा रहे थे और इसके बदले 81 हजार नए पौधे लगाने का वादा किया है। प्रोजेक्ट में सेंट्रल वर्ज की चौड़ाई को घटाकर 1.5 मीटर करने का भी प्लान है।

पर्यावरणविद् नितिन सक्सेना ने याचिका लगाई थी। एनजीटी ने बुधवार को आदेश जारी कर कहा कि जब तक स्पष्ट आदेश नहीं आते, पेड़ नहीं काटे जा सकते। हालांकि, दो दिन में करीब दो हजार पेड़ काटे जा चुके थे।
कांग्रेस और पर्यावरणविदों का विरोध:

- सोमवार और मंगलवार को कांग्रेस ने बायपास पर प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेता अभिनव बरोलिया, प्रवीण सक्सेना, रविंद्र साहू झूमरवाला और अन्य कार्यकर्ताओं ने कार्रवाई का विरोध जताया।
- पर्यावरणविद उमाशंकर तिवारी ने बताया कि कट रहे पेड़ों की उम्र 80 से 100 साल या उससे अधिक है। इनके बदले लगाए जाने वाले नए पौधों के पेड़ बनने में कई साल लगेंगे।
सामाजिक और पर्यावरणीय हितों की रक्षा के लिए कांग्रेस और पर्यावरणविदों ने एनएचएआई से पेड़ कटाई तुरंत रोकने की मांग की है। उनका कहना है कि विकास के नाम पर हरियाली का विनाश मंजूर नहीं है।