सागर, 24 अगस्त 2025।
जिले में आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर संदीप जी.आर. ने सख्त कार्रवाई करते हुए दो आदतन अपराधियों को 6-6 माह के लिए जिला बदर करने का आदेश जारी किया है। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुलिस अधीक्षक से प्राप्त प्रतिवेदन और रिकॉर्ड के आधार पर यह निर्णय लिया गया। जिला बदर किए गए अपराधियों में –

- रामरूप उर्फ रामस्वरूप, पिता देवी सिंह, उम्र 35 वर्ष, निवासी ग्राम बारछा थाना बहेरिया
- बंटी, पिता शिवलाल बंसल, उम्र 21 वर्ष, निवासी जासौड़ा थाना बरायठा
को 6 माह की अवधि के लिए सागर जिले व सीमावर्ती जिलों की राजस्व सीमाओं से निष्कासित किया गया है।
कलेक्टर द्वारा पारित आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि उनके खिलाफ न्यायालय में कोई प्रकरण लंबित है और उन्हें नियत पेशी पर उपस्थित होना हो, तो वे संबंधित थाना प्रभारी को पूर्व में लिखित सूचना देंगे। न्यायालय की पेशी पूरी करने के उपरांत उन्हें तत्काल जिला बदर आदेश का पालन सुनिश्चित करना होगा।
प्रशासन ने इस कार्रवाई को जिले में कानून-व्यवस्था मजबूत करने और असामाजिक तत्वों में भय उत्पन्न करने की दृष्टि से अहम कदम बताया है।

एनसीसी चयन प्रक्रिया में छात्रों का उत्साह: रक्षा सेवाओं में जाने का दिखा जज्बा
सागर, 24 अगस्त 2025।
शासकीय कला एवं वाणिज्य (अग्रणी) महाविद्यालय सागर के छात्रों ने रक्षा और सैन्य सेवाओं में जाने का जज्बा दिखाते हुए एनसीसी प्रवेश परीक्षा में बड़ी संख्या में भाग लिया। चयन प्रक्रिया का आयोजन स्थानीय पुलिस लाइन ग्राउंड में किया गया, जहां छात्रों का जोश देखते ही बनता था।
कार्यक्रम का संचालन महाविद्यालय की 11 एमपी बॉयज एनसीसी बटालियन के एएनओ लेफ्टिनेंट जयनारायण यादव के नेतृत्व में किया गया। प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता के निर्देशन में आयोजित इस चयन प्रक्रिया में करीब 700 छात्रों ने भाग लिया, जबकि महाविद्यालय के लिए केवल 63 सीटें निर्धारित थीं।
छात्रों की शारीरिक व बौद्धिक परीक्षा लेने के बाद योग्य कैडेट्स का चयन किया गया। चयन प्रक्रिया में सहयोग प्रदान करने वालों में डॉ. संदीप सबलोक, डॉ. अंकुर गौतम, डॉ. संदीप तिवारी, डॉ. शैलेंद्र राजपूत और देवकृष्ण नामदेव प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। वहीं, एनसीसी बटालियन के पीआई स्टाफ हवलदार रमाशंकर और मेघानाथ ने भी छात्रों की परीक्षा और अनुशासन व्यवस्था संभाली।

डॉ. संदीप सबलोक ने जानकारी दी कि 700 छात्रों में से केवल 63 छात्रों का चयन हुआ है, जिन्हें 3 वर्ष की अवधि के लिए एनसीसी कैडेट के रूप में प्रशिक्षित किया जाएगा।
एएनओ लेफ्टिनेंट जयनारायण यादव ने बताया कि एनसीसी का उद्देश्य युवा छात्र-छात्राओं में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सैन्य सेवाओं की तैयारी विकसित करना है। चयनित कैडेट्स को 3 वर्षों तक सघन प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसमें परेड, कैंप, शारीरिक व मानसिक मजबूती से जुड़े अभ्यास शामिल होंगे।
एनसीसी प्रवेश प्रक्रिया में छात्रों की भारी संख्या यह दर्शाती है कि युवा पीढ़ी में देश सेवा और रक्षा क्षेत्र में करियर बनाने का उत्साह लगातार बढ़ रहा है।