इंदौर के राऊ इलाके में ट्रेन से कटकर हुई मौत के मामले में मंगलवार को मृतक संतोष के परिजनों को जिला अस्पताल में घंटों इंतजार करना पड़ा। पोस्टमॉर्टम के लिए तैनात डॉक्टरों द्वारा ड्यूटी से इनकार करने के कारण परिजन परेशान रहे।
जानकारी के अनुसार, संतोष के पिता रघुनाथ के शव का पोस्टमॉर्टम जिला अस्पताल में होना था। डॉक्टर पुष्पराज सिंह की ड्यूटी लगी थी, लेकिन वे अस्पताल नहीं पहुंचे। परिजन दोपहर तक पोस्टमॉर्टम के लिए भटकते रहे। डॉक्टर से संपर्क करने पर उन्होंने आने से इनकार कर दिया।

जिला अस्पताल में तैनात संविदा डॉक्टरों संजय वर्मा, पुष्पराज सिंह, फजल अहमद खान, व्यास लिंकन, चेतन प्रताप सिंह और अब्दुल फारूखी ने पोस्टमॉर्टम ड्यूटी से स्वयं को मुक्त करने के लिए सिविल सर्जन को लिखित पत्र भी सौंपा था।
बाद में वरिष्ठ डॉक्टरों के हस्तक्षेप और निर्देश के बाद आरएमओ सतीश नेमा ने डॉ. गर्ग को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। देर शाम पोस्टमॉर्टम किया जा सका, लेकिन इस पूरे घटनाक्रम के दौरान मृतक के परिजन अस्पताल परिसर में काफी समय तक परेशान रहे।