जमीनी विवाद में दलित युवक की हत्या: प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोप
सागर (मध्यप्रदेश)।
रहली थाना क्षेत्र के ग्राम देवरी चौधरी में जमीनी विवाद को लेकर हुई दलित युवक की हत्या ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। मंगलवार शाम कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी स्वयं गांव पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने घटना की जानकारी ली और परिजनों को ढांढस बंधाया।

पीड़ित परिवार से बात करते हुए पटवारी बेहद भावुक दिखे। उन्होंने मौके पर ही सागर कलेक्टर संदीप जीआर को फोन लगाया और कहा, “एक बार यहां आकर इनकी व्यथा तो सुनिए कलेक्टर साहब, कितना दर्द है। पुलिस ने तीन-तीन बार मारा इनको। एफआईआर तक दर्ज नहीं की गई।”

पटवारी ने प्रशासनिक लापरवाही का आरोप लगाते हुए बताया कि विवादित भूमि की नपती गलत तरीके से की गई। “15-15 बार पटवारी और तहसीलदार को आवेदन दिए गए, लेकिन किसी ने पीड़ितों की बात नहीं सुनी,” उन्होंने कहा।
पटवारी ने इस पूरे मामले को सामाजिक न्याय और प्रशासनिक जवाबदेही से जोड़ते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि अगर पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिला, तो कांग्रेस पार्टी इस मुद्दे को विधानसभा से लेकर सड़क तक उठाएगी।

इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण भी एकत्रित हो गए और उन्होंने भी प्रशासन के खिलाफ रोष जताया। बताया गया कि पीड़ित परिवार कई वर्षों से विवादित जमीन पर अपना दावा कर रहा था, लेकिन प्रशासनिक उपेक्षा और पुलिस की मिलीभगत से उन्हें न्याय नहीं मिला।
कांग्रेस नेता की यह सक्रियता न केवल प्रशासनिक जवाबदेही की मांग को बल देती है, बल्कि दलित समुदाय की सुरक्षा और अधिकारों पर भी एक बार फिर सवाल खड़े करती है।
(यह मामला सामाजिक और राजनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील है, जिसकी निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवार को न्याय मिलना अनिवार्य है।)