खुरई: अहिरवार समाज के लोगों ने दबंगों पर मारपीट का आरोप लगाया, एसडीओपी से सुरक्षा की गुहार !

Spread the love

खुरई। खुरई के खैराई गांव में अहिरवार समाज के कुछ लोगों ने दबंग मुस्लिम समाज के लोगों पर मारपीट और उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए एसडीओपी सचिन परते को ज्ञापन सौंपा और सुरक्षा की मांग की है। गांव के निवासियों का कहना है कि कुछ मुस्लिम समाज के लोग उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं, गाली-गलौज करते हैं और विरोध करने पर मारपीट भी करते हैं। पीड़ितों ने पुलिस से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है।

आरोप और शिकायत

गांव के निवासी दिनेश अहिरवार और रघुवीर अहिरवार ने बताया कि वे जिस भूमि पर रह रहे हैं और खेती कर रहे थे, वह भूमि सरकारी पट्टे पर उनके नाम है। हालांकि, गांव के कुछ मुस्लिम समाज के दबंगों ने उस भूमि पर कब्जा कर लिया है और वे लगातार उनकी परेशानियों का कारण बन रहे हैं। आरोप है कि ये लोग अक्सर उनके घरों में घुसकर गाली-गलौज करते हैं और जब वे इसका विरोध करते हैं, तो मारपीट की घटना को अंजाम देते हैं।

मारपीट की घटनाएं

गांव के हीरालाल अहिरवार ने बताया कि 15 दिन पहले इकतार खान नामक व्यक्ति ने उनके साथ मारपीट की थी। इसके बाद मालथौन थाने में मामला दर्ज कराया गया था, लेकिन इसके बावजूद दबंगों ने उनका उत्पीड़न जारी रखा। हीरालाल ने यह भी बताया कि इन घटनाओं के बाद से वह और उनका परिवार लगातार डर और मानसिक तनाव का सामना कर रहे हैं।

सुरक्षा की गुहार

आरोपियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की मांग करते हुए, पीड़ितों ने एसडीओपी सचिन परते से सुरक्षा की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि गांव में दबंगों का आतंक बढ़ता जा रहा है और वे अपने अधिकारों की रक्षा करने में असमर्थ महसूस कर रहे हैं। उन्होंने प्रशासन से निवेदन किया है कि इन घटनाओं की गंभीरता से जांच की जाए और आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि उनके साथ हो रहे उत्पीड़न को रोका जा सके।

पुलिस का बयान

इस मामले में एसडीओपी सचिन परते ने कहा कि उन्होंने मामले को गंभीरता से लिया है और जांच शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि पीड़ितों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए उचित कदम उठाए जाएंगे। साथ ही, मामले में कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने का आश्वासन दिया है।

खुरई के खैराई गांव में अहिरवार समाज के लोगों द्वारा आरोपित किए गए उत्पीड़न और मारपीट की घटनाएं न केवल गांव के सामाजिक माहौल को प्रभावित कर रही हैं, बल्कि यह एक गंभीर सुरक्षा समस्या भी उत्पन्न कर रही हैं। प्रशासन और पुलिस को इस मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके और भविष्य में ऐसे घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *