ग्वालियर। बुधवार शाम ग्वालियर शहर के पड़ाव थाना क्षेत्र में हुए सनसनीखेज हिट-एंड-रन मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। आरोपी महज 16 साल का नाबालिग निकला, जो आर्मी से रिटायर्ड सूबेदार का बेटा है। पुलिस ने उसके खिलाफ गैर इरादतन हत्या, शासकीय कार्य में बाधा और लापरवाही से वाहन चलाने की धाराओं में केस दर्ज किया है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला और गंभीर हो गया है।
घटना कैसे हुई?
आरोपी अपनी तीन साल की भांजी का इलाज कराने कार (MP07-CJ-5039) से जा रहा था।
बस स्टैंड तिराहे पर पुलिस चेकिंग देखकर घबरा गया।
बचने के चक्कर में उसने स्पीड बढ़ाई और स्कूटी सवार दंपती समेत चार वाहनों को टक्कर मार दी।
ट्रैफिक आरक्षक अतुल शर्मा ने रोकने की कोशिश की तो कार ने उन्हें भी टक्कर मारी।
आरक्षक ने किसी तरह कार का बोनट पकड़ लिया, लेकिन आरोपी ने स्पीड नहीं रोकी और करीब 20 फीट तक घसीटता ले गया।
आखिरकार पुलिसकर्मी सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए।
जनता ने पकड़ा आरोपी
घटना के दौरान मौके पर मौजूद लोग और अन्य पुलिसकर्मी आरोपी का पीछा करने लगे।
आरोपी को जनता और पुलिस की मदद से घेरकर पकड़ लिया गया।
मौके पर मौजूद लोगों ने उसकी पिटाई भी की।
पुलिस ने तत्काल आरोपी को हिरासत में लिया और बाद में नोटिस देकर छोड़ दिया। अब उसकी सही उम्र के दस्तावेज खंगाले जा रहे हैं।
घायलों की स्थिति
आरक्षक अतुल शर्मा के सिर और पैर में गंभीर चोटें आईं। उनके पैर की प्लास्टिक सर्जरी होगी।
स्कूटी सवार महिला समेत अन्य घायलों का निजी अस्पताल में इलाज जारी है।
विभाग ने घोषणा की है कि आरक्षक अतुल के इलाज का पूरा खर्च पुलिस उठाएगी।
आरोपी कौन है?
आरोपी महज 16 साल का नाबालिग है।
वह आर्मी से रिटायर सूबेदार का बेटा है।
पूछताछ में बताया कि वह भांजी को अस्पताल ले जा रहा था, लेकिन चेकिंग देखकर घबरा गया और स्पीड बढ़ा दी।
काली फिल्म वाला जाल
ग्वालियर शहर में चारपहिया वाहनों पर काली फिल्म चढ़ाने का चलन तेजी से बढ़ा है।
पुलिस नियमित कार्रवाई करती है, लेकिन लोग चालान से बचने के लिए मौके पर ही फिल्म निकाल देते हैं।
बाद में दोबारा कांच पर वही फिल्म लगवा लेते हैं।
हिट-एंड-रन की यह घटना भी ऐसी ही गाड़ियों की समस्या पर सवाल खड़े कर रही है।
पुलिस का बयान
पड़ाव थाना प्रभारी आलोक सिंह परिहार ने कहा:
“नाबालिग कार चालक ने सड़क पर पुलिसकर्मी समेत कई लोगों की जान खतरे में डाली। उसके खिलाफ गैर इरादतन हत्या और अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है। मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।”
निष्कर्ष
ग्वालियर का यह हिट-एंड-रन मामला केवल लापरवाही का उदाहरण नहीं है, बल्कि यह सवाल खड़ा करता है कि आखिर सड़कों पर नाबालिग ड्राइवर कैसे बेलगाम दौड़ रहे हैं। एक पल की लापरवाही ने कई परिवारों को दहशत में डाल दिया और एक पुलिसकर्मी की जिंदगी खतरे में आ गई।