थाना सिविल लाइन पुलिस की सतर्कता से टली बड़ी वारदात — चार आरोपी अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार

Spread the love

🟥 सागर में पुलिस की तेज़ और सटीक कार्रवाई से एक संभावित आपराधिक वारदात टली

सागर शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस लगातार सतर्क है। इसी सतर्कता का नतीजा रहा कि थाना सिविल लाइन पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए चार युवकों को अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई संभावित गंभीर आपराधिक वारदात को होने से पहले ही रोकने में निर्णायक साबित हुई।

यह सफलता पुलिस अधीक्षक सागर विकाश कुमार शाहवाल के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लोकेश कुमार सिन्हा एवं नगर पुलिस अधीक्षक मकरोनिया अजय कुमार सनकत के मार्गदर्शन में संचालित ऑपरेशन के तहत मिली।


🔶 घटना का सिलसिला — कैसे हुई पूरी कार्रवाई

दिनांक 6 नवम्बर 2025 की शाम को थाना सिविल लाइन को एक गोपनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि

“आरटीओ रोड मोड़ के पास जंगल में कुछ संदिग्ध युवक अवैध हथियारों के साथ किसी बड़ी वारदात की योजना बना रहे हैं।”

सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक आनंद सिंह ठाकुर ने इस पर तत्काल प्रतिक्रिया दी।
वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी देने के पश्चात एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई, जिसमें प्रशिक्षित एवं अनुभवी पुलिसकर्मी शामिल थे।
टीम ने आरटीओ रोड मोड़ के पास जंगल क्षेत्र में चारों ओर से घेराबंदी कर सर्च ऑपरेशन शुरू किया।

कुछ ही देर में पुलिस ने चार संदिग्ध युवकों को मौके पर दबोच लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से अवैध हथियार बरामद किए गए। पूछताछ में उन्होंने अपने नाम और पते बताए, जिससे उनके स्थानीय अपराधी नेटवर्क से जुड़े होने के संकेत मिले हैं।


🧾 गिरफ्तार आरोपीयों की जानकारी

क्रमांकनामपिता का नामउम्रपताथाना क्षेत्र
1देवेन्द्र रायदिनेश राय18 वर्षबी.एस. जैन बगीचा के सामने वाली गली, राजीव नगर वार्डमकरोनिया
2अन्नू उर्फ अनुराग पवारअशोक पवार19 वर्षलक्ष्मीपुरा वार्डकोतवाली
3नीलेश पटैलदेवेंद्र पटैल26 वर्षधर्माश्री आवासीय कॉलोनी, ब्लॉक A-1मोतीनगर
4सूरज अहिरवारहेमराज अहिरवार23 वर्षबाघराज वार्ड, आवासीय कॉलोनीमोतीनगर

इन चारों आरोपियों के पास से देशी कट्टे और जिंदा कारतूस सहित अवैध हथियार बरामद किए गए। प्रारंभिक पूछताछ में यह संकेत मिला है कि आरोपी किसी गंभीर वारदात की फिराक में थे — संभवतः किसी गैंग से जुड़े आपसी विवाद या पुराने झगड़े का बदला लेने की योजना बना रहे थे।


⚙️ कार्यवाही में पुलिस की प्रमुख भूमिका

इस पूरी कार्रवाई को सफल बनाने में थाना सिविल लाइन पुलिस टीम के सदस्यों की तत्परता और सूझबूझ सराहनीय रही।

मुख्य भूमिका निभाने वाले पुलिसकर्मी:

  • निरीक्षक आनंद सिंह ठाकुर
  • उप निरीक्षक सुरेन्द्र सिंह ठाकुर
  • प्रधान आरक्षक सतीश बेन (1290)
  • प्रधान आरक्षक के.के. दुबे (1077)
  • आरक्षक अंशुल (467)
  • आरक्षक राम सिंह (330)
  • आरक्षक विपिन (1212)
  • आरक्षक आशीष तिवारी (551)
  • आरक्षक कपिल देव (1568)

इन सभी अधिकारियों और जवानों ने समय रहते रणनीतिक घेराबंदी कर आरोपियों को पकड़ने में अहम भूमिका निभाई।


🧩 मामले का महत्व — एक संभावित अपराध से पहले रोकथाम

अक्सर अपराधों की रोकथाम तब होती है जब पुलिस समय रहते सूचना पर सक्रिय प्रतिक्रिया देती है। यह मामला उसी का उत्कृष्ट उदाहरण है।
अगर यह गिरोह अपने मंसूबों में कामयाब हो जाता, तो शहर में बड़ी वारदात या गोलीकांड जैसी घटना घट सकती थी।
थाना सिविल लाइन की यह कार्रवाई न केवल अपराधियों के हौसले पस्त करने वाली है, बल्कि शहरवासियों में पुलिस पर विश्वास भी बढ़ाती है।

ब्यूरो रिपोर्ट रिपब्लिक सागर मीडिया !
संवाददाता – अर्पित सेन
7806077338, 9109619237

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *