धार्मिक और आर्थिक पहचान का उत्सव, तैयारियों को लेकर व्यापक समीक्षा !

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नगर की पहचान बन चुका “खुरई महोत्सव-2026” इस वर्ष 5 से 7 अप्रैल तक ऐतिहासिक किला मैदान में भव्यता और गरिमा के साथ आयोजित किया जाएगा। आयोजन को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में हैं और प्रशासन से लेकर जनप्रतिनिधि तक इसकी सफलता के लिए सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं। इसी क्रम में पूर्व गृहमंत्री एवं खुरई विधायक भूपेंद्र सिंह ने जनपद कार्यालय सभाकक्ष में समीक्षा बैठक लेकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

बैठक को संबोधित करते हुए भूपेंद्र सिंह ने कहा कि खुरई महोत्सव केवल एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि क्षेत्र की पहचान, परंपरा और आर्थिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र है। पिछले कई वर्षों से इस महोत्सव ने अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है और अब यह आयोजन जिले ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश में चर्चित हो चुका है। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक किला मैदान को पुनर्जीवित करने के लिए निरंतर प्रयास किए गए हैं, जिसके परिणामस्वरूप यह स्थान आज एक प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में उभरा है।

उन्होंने बताया कि इस बार महोत्सव में देश के प्रसिद्ध कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे। 5 अप्रैल को सुप्रसिद्ध गायक कैलाश खेर, 6 अप्रैल को बालीवुड सिंगर अकासा और 7 अप्रैल को सिने गायक नीरज श्रीधर अपनी प्रस्तुति देंगे। इन कार्यक्रमों से महोत्सव का आकर्षण और बढ़ेगा तथा बड़ी संख्या में दर्शकों के पहुंचने की संभावना है। उन्होंने कहा कि अधिकांश विद्यार्थियों की परीक्षाएं समाप्त हो चुकी हैं, इसलिए इस बार भीड़ अधिक रहने की उम्मीद है और उसी के अनुसार व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना जरूरी है।

भूपेंद्र सिंह ने महोत्सव के आर्थिक महत्व पर भी जोर देते हुए कहा कि इस आयोजन से सैकड़ों छोटे व्यापारियों को रोजगार का अवसर मिलता है। किले के पास पठार स्थित मंडी में दुकानों के लिए स्थान चिन्हित किया गया है, वहीं महाकाली टीन शेड में भी नगरपालिका द्वारा स्टॉल लगाए जाएंगे। विशेष बात यह है कि महिला स्व-सहायता समूहों को नि:शुल्क दुकानें उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे वे अपने उत्पादों की प्रदर्शनी और बिक्री कर सकेंगी।

बैठक में स्वच्छता, पेयजल, पार्किंग, सुरक्षा, मंच व्यवस्था और आवागमन जैसी व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। सीएमओ राजेश मेहतेल ने जानकारी दी कि किला मैदान में स्थायी सीसीटीवी कैमरे लगाए जा चुके हैं, जिससे सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण में मदद मिलेगी। इसके अलावा दर्शकों की सुविधा के लिए स्टेडियम शैली की सीढ़ीनुमा बैठक व्यवस्था भी तैयार की गई है, जिससे अधिक लोग आराम से कार्यक्रम देख सकेंगे।

खुरई महोत्सव के दौरान डॉ. आंबेडकर संग्रहालय को भी विशेष रूप से सजाया गया है, ताकि बाहर से आने वाले पर्यटक वहां का भी भ्रमण कर सकें। अब तक 85 दुकानों का पंजीयन हो चुका है और यह प्रक्रिया लगातार जारी है।

पूर्व गृहमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों को व्यक्तिगत रूप से आमंत्रण पत्र दिए जाएं। साथ ही उन्होंने नगरवासियों से भी अपील की कि महोत्सव के दौरान अपने घरों में दीपावली की तरह सजावट और रोशनी करें, जिससे पूरे शहर का वातावरण उत्सवमय बन सके।

बैठक के बाद भूपेंद्र सिंह ने किला मैदान पहुंचकर मां बीजासन मंदिर में दर्शन किए और आयोजन स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक निर्देश दिए।

इस दौरान नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती नन्हीं बाई, एसडीएम मनोज चौरसिया, जनपद उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह, सीएमओ राजेश मेहतेल सहित कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कुल मिलाकर खुरई महोत्सव-2026 न केवल सांस्कृतिक विरासत को सहेजने का माध्यम है, बल्कि यह क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी गति देने वाला महत्वपूर्ण आयोजन बन चुका है। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के संयुक्त प्रयास से इस बार भी महोत्सव को भव्य और यादगार बनाने की पूरी तैयारी की जा रही है।

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