पीथमपुर: पीथमपुर का यातायात व्यवस्था आम लोगों और वाहन चालकों के लिए लगातार परेशानी का कारण बन गई है। औद्योगिक क्षेत्र होने के बावजूद यहां एक भी ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात नहीं है, जिससे सड़कों पर लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है।
प्रतिदिन 50 हजार से अधिक वाहन सड़कों पर
पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र में लगभग तीस किलोमीटर से अधिक क्षेत्र में फैले कारखानों में काम करने वाले मजदूर, अधिकारी और माल ढुलाई के लिए प्रतिदिन 50 हजार से अधिक छोटे-बड़े वाहन शहर की सड़कों पर चलते हैं।

- महू-नीमच मार्ग सबसे व्यस्त मार्गों में शामिल है।
- सुबह और शाम को इस मार्ग पर जाम लगना आम बात है।
- अव्यवस्थित यातायात के कारण सेक्टर तीन से एक तक की 10 किलोमीटर दूरी तय करने में वाहन चालकों को आधा घंटा लग जाता है।
अव्यवस्थित यातायात से जूझते वाहन चालक
चौराहों पर वाहनों की मनमानी और जाम के कारण यातायात जटिल होता जा रहा है। शाम के समय सभी थानों के जवान चौराहों पर तैनात किए जाते हैं, लेकिन वाहनों की भारी भीड़ और अनुशासनहीनता के सामने वे बेबस दिखते हैं।

- शहर के नागरिक, उद्योगपति और जनप्रतिनिधि कई वर्षों से यातायात पुलिस की तैनाती की मांग कर रहे हैं।
- वर्तमान नगर पालिका परिषद ने भी इस संबंध में राज्य सरकार को पत्र लिखा है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

सुधार के प्रयास
नगर पुलिस अधीक्षक रवि सोनेर ने बताया कि चौराहों पर स्वयंसेवी संस्थाओं के कार्यकर्ता यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने में मदद कर रहे हैं। साथ ही, ट्रैफिक पुलिस बल की तैनाती के लिए वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों को पत्र लिखा गया है।
नगर पालिका अध्यक्ष सेवंती सुरेश पटेल ने कहा, “यातायात पुलिस की तैनाती के लिए शासन को पत्र लिखा गया है। हमें उम्मीद है कि जल्द ही इस दिशा में कार्रवाई होगी और शहरवासियों को जाम से निजात मिलेगी।”