भोपाल की किरण मीणा की आत्महत्या: पति ऑस्ट्रिया भागा, परिजनों ने लगाया गंभीर आरोप

Spread the love

भोपाल। राजधानी के अयोध्यानगर इलाके में गुरुवार को एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया, जहां नवविवाहिता किरण मीणा (उम्र लगभग 28 वर्ष) ने अपने फ्लैट में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। मृतका के भाई डॉक्टर भगवान सिंह ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए दावा किया कि किरण के पति डॉक्टर संजय देशवाली आत्महत्या का बहाना बनाकर भारत से फरार होकर ऑस्ट्रिया जा चुका है।


11 सितंबर का घटनाक्रम: सुसाइड नोट भेजा, फिर फ्लैट छोड़ा

परिजनों के अनुसार, 11 सितंबर को डॉ. संजय देशवाली ने अपनी पत्नी किरण के साथ शहर के एक मॉल में शॉपिंग की। दोनों सामान्य और खुश नजर आ रहे थे। शाम को किरण को मायके छोड़ा और अगले दिन उसे अपने साथ ले जाने का वादा किया। लेकिन थोड़ी देर बाद ही संजय ने मोबाइल पर एक कथित सुसाइड नोट भेजा।

उस मैसेज में लिखा था –
“तुम अपना ख्याल रख सकती हो। तुम बहुत अच्छी हो, लेकिन मैं खुदकुशी कर रहा हूं। मेरी बॉडी को मेडिकल स्टूडेंट्स के लिए दान कर देना।”

यह संदेश पढ़कर किरण घबरा गई। उसने तुरंत फोन किया, लेकिन मोबाइल लगातार स्विच ऑफ आ रहा था।


पति ने पड़ोसी को दी चाबी, फिर विदेश रवाना

उस रात संजय घर नहीं लौटा। किरण अपने फ्लैट पहुंची तो पड़ोसी ने उसे चाबी दी। पड़ोसी के मुताबिक यह चाबी खुद संजय ने उनके पास छोड़ी थी। परिवार ने अगले दिन अयोध्यानगर थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।

दो दिन बाद संजय ने फेसबुक पर अपनी लोकेशन ऑस्ट्रिया बताई। तभी शक गहराया कि वह आत्महत्या नहीं बल्कि विदेश भागने की योजना बना चुका था।

सोसाइटी के सीसीटीवी फुटेज में भी संजय बैग सहित घर से निकलते और एक कार में बैठते दिखा। जांच में खुलासा हुआ कि वह मॉरिशस होते हुए ऑस्ट्रिया पहुंचा।


पत्नी किरण का 2 पन्नों का सुसाइड नोट

बुधवार को किरण ने अपने फ्लैट में फांसी लगाकर जान दे दी। कमरे से 2 पन्नों का सुसाइड नोट बरामद हुआ, जिसमें उसने लिखा –

  • “मैं लिखना तो बहुत चाहती हूं, लेकिन पति और उसके घरवालों ने मुझे केवल सुसाइड नोट लिखने लायक छोड़ा है।”
  • “मेरी मौत के जिम्मेदार मेरा पति संजय देशवाली, उसका भाई दुर्गा प्रसाद, मां कल्लो बाई, बहनें मथुरा, लता और ममता हैं। साथ ही उसकी दो गर्लफ्रेंड और कजिन भी हैं।”
  • “पति की फैमिली मुझे बच्चा न होने की वजह से टॉर्चर करती थी। वह दूसरी शादी कराने पर तुले थे। संजय तलाक चाहते थे और मुझसे बात नहीं करते थे।”
  • “अब मैं और इंसल्ट बर्दाश्त नहीं कर सकती। मेरी हर चीज़ मेरे मम्मी-पापा की है। मेरा अंतिम संस्कार सिर्फ बेटी के रूप में करना।”
  • “लव यू मम्मी-पापा… सॉरी। मैं बहुत बुरी बेटी हूं।”

सुसाइड नोट को पुलिस ने जब्त कर हैंडराइटिंग की जांच के लिए भेज दिया है।


भाई का आरोप: “सिर्फ पीछा छुड़ाना चाहता था जीजा”

किरण के भाई डॉक्टर भगवान सिंह का कहना है –
“जीजा बहन से पीछा छुड़ाना चाहता था। बहन से संतान न होने पर वह लगातार प्रताड़ित करता रहा। उसके परिवार और गर्लफ्रेंड्स ने भी मानसिक रूप से दबाव डाला।”

भगवान सिंह का यह भी आरोप है कि सुसाइड नोट भेजना केवल छलावा था, ताकि सबको लगे कि वह खुद जान दे चुका है। असल में उसने पहले से विदेश भागने की पूरी तैयारी कर रखी थी।


पुलिस जांच जारी

अयोध्यानगर थाना प्रभारी महेश लिल्हारे ने बताया कि मृतका के परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। सुसाइड नोट को जब्त कर हैंडराइटिंग की जांच कराई जाएगी। प्रारंभिक जांच में पति की विदेश यात्रा और उसके द्वारा भेजे गए संदेश पर भी पुलिस की नज़र है।


निष्कर्ष

यह मामला वैवाहिक रिश्तों में टूटन, मानसिक उत्पीड़न और पारिवारिक दबाव की भयावह तस्वीर पेश करता है। एक ओर जहां पत्नी ने तानों और अपमान से तंग आकर जीवन खत्म कर लिया, वहीं पति विदेश जाकर नई जिंदगी शुरू करने की कोशिश करता दिख रहा है। फिलहाल पुलिस जांच कर रही है, लेकिन मृतका का परिवार साफ कह रहा है – “हमारी बहन की मौत सिर्फ आत्महत्या नहीं, बल्कि मजबूरी में किया गया एक ‘हत्या जैसा अपराध’ है।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *