महाराष्ट्र के गोदिंया जिले में शुक्रवार दोपहर एक भीषण बस हादसा हुआ, जिसमें 12 यात्रियों की मौत हो गई और 16 अन्य घायल हो गए। यह हादसा गोंदिया से लगभग 30 किलोमीटर पहले स्थित खजरी गांव के पास हुआ, जब महाराष्ट्र राज्य परिवहन महामंडल (MSRTC) की शिवशाही बस (MH 09 EM 1273), जो भंडारा से गोदिंया आ रही थी, पलट गई। हादसे की खबर मिलते ही पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचे और घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया।

हादसे का विवरण
बताया जा रहा है कि बस के ड्राइवर का नियंत्रण खो गया, जिसके कारण बस पलट गई। बस में कुल 28 यात्री सवार थे, जिनमें से 12 की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घायलों को तुरंत पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनमें कुछ की स्थिति नाजुक बताई जा रही है।
हादसे के समय बस भंडारा से गोदिंया आ रही थी। खजरी गांव के पास यह हादसा हुआ, जब ड्राइवर बस पर से नियंत्रण खो बैठा। बताया जा रहा है कि बस में सवार अधिकांश यात्री दूरदराज इलाकों के निवासी थे, जो किसी निजी काम के लिए गोदिंया आ रहे थे।
मृतकों और घायलों की पहचान
घायलों और मृतकों की पहचान की जा रही है, हालांकि प्रशासन ने बताया कि बस में अधिकतर यात्री भंडारा और गोदिंया के आसपास के गांवों के निवासी थे। मृतकों के परिवारों को सूचना दे दी गई है और प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
घायलों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। अस्पताल में भर्ती कुछ घायलों ने बताया कि वे घटना के समय अपने स्थान पर ठीक से बैठने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन अचानक हुए इस हादसे ने उन्हें चौंका दिया। कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें आईसीयू में रखा गया है।

प्रशासनिक और राहत कार्य
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन घटनास्थल पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। प्रशासन ने बचाव कार्य में तेजी दिखाई और घायलों को अस्पताल भेजने में मदद की। पुलिस ने भी घटना के बाद यातायात को सुचारु बनाने के लिए कड़ी कार्रवाई की।
हादसे के कारणों की जांच के लिए विशेष टीम गठित की गई है। प्रशासन ने बताया कि बस की सुरक्षा मानकों की जांच की जाएगी, ताकि भविष्य में इस प्रकार के हादसों से बचा जा सके।
सीएम का मुआवजे का ऐलान
महाराष्ट्र के कार्यवाहक मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने इस हादसे पर दुख व्यक्त किया और मृतकों के परिवारों के लिए 10-10 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की। शिंदे ने कहा कि राज्य सरकार पीड़ितों के परिवारों के साथ है और सभी प्रकार की सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से घायलों का उचित इलाज सुनिश्चित करने की बात भी कही।
इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने इस हादसे की जांच के आदेश दिए हैं ताकि कारणों का पता लगाया जा सके और भविष्य में इस प्रकार के हादसे रोके जा सकें।

हादसे के कारण और प्रतिक्रिया
यह हादसा उस समय हुआ जब सड़क सुरक्षा मानकों और बसों के रखरखाव पर सवाल उठाए जा रहे हैं। हादसे के बाद स्थानीय निवासियों और यात्री संगठनों ने राज्य परिवहन की सुरक्षा पर चिंता जताई है। उन्होंने सरकार से अपील की है कि वह राज्य परिवहन सेवाओं में सुधार लाए और दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए।
वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हादसा मानवीय भूल या किसी तकनीकी खराबी के कारण हुआ हो सकता है, लेकिन जांच के बाद ही असली कारणों का पता चलेगा।
निष्कर्ष
गोदिंया में हुआ यह हादसा एक दुखद घटना के रूप में सामने आया है, जिसमें कई जानें गईं और कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे ने राज्य परिवहन सेवाओं में सुधार की आवश्यकता को उजागर किया है। प्रशासन ने मृतकों के परिवारों को मुआवजा देने की घोषणा की है, लेकिन यह घटना एक बार फिर सड़क सुरक्षा के महत्व को सामने लाती है। अब यह देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और भविष्य में इस प्रकार के हादसों को कैसे रोका जाता है।