राजगढ़ जिले में शुक्रवार को एक बड़ा राजनीतिक और सामाजिक विवाद देखने को मिला, जब बड़ी संख्या में महिलाएं बोरे लेकर कांग्रेस कार्यालय के बाहर पहुंचीं और कांग्रेस नेता यशवंत (जयवंत) गुर्जर के विवादित बयान का जमकर विरोध किया। महिलाएं हाथों में बोरे लहराते हुए नारेबाजी कर रही थीं और कह रही थीं – “अगर हिम्मत है तो हमें भरो बोरे में।”
विवादित बयान से भड़का महिला समाज
दरअसल, बुधवार को कांग्रेस के नव-नियुक्त जिला अध्यक्ष प्रियव्रत सिंह के स्वागत समारोह में जिला पंचायत सदस्य जयवंत गुर्जर ने मंच से विवादित टिप्पणी करते हुए कहा था – “कहां की लाडली बहने, सबको बोरियों में भर देंगे।” यह बयान गुरुवार को वीडियो के जरिए वायरल हुआ और देखते ही देखते सियासी बवाल में तब्दील हो गया। बयान से आहत होकर भाजपा महिला मोर्चा और योजना से लाभान्वित महिलाओं ने शुक्रवार को कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर दिया।

‘यह महिलाओं का अपमान है’ – प्रदर्शनकारी महिलाएं
प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना था कि यह बयान केवल लाडली बहना योजना से जुड़ी बहनों का ही नहीं, बल्कि पूरे महिला समाज का अपमान है। सरकार मातृशक्ति का सम्मान करने के लिए लाडली बहना योजना चला रही है, लेकिन कांग्रेस नेता उनका मजाक उड़ाकर समाज को नीचा दिखा रहे हैं। महिलाओं ने चेतावनी दी कि अगर कांग्रेस पार्टी इस बयान पर सार्वजनिक माफी नहीं मांगती है तो आने वाले दिनों में आंदोलन और उग्र किया जाएगा।
‘आने वाले चुनाव में औकात दिखा देंगे’
भाजपा महिला मोर्चा जिला महामंत्री नीलम सक्सेना ने कहा कि “लाडली बहनों का सम्मान आज कांग्रेस को खल रहा है, क्योंकि पिछले चुनाव में हमने उन्हें उनकी औकात दिखा दी थी। वे कहते हैं कि हमें बोरों में भर देंगे, लेकिन चुनाव में तो हमने उन्हें मोहनपुरा डैम में डुबो दिया था। आज भी प्रदेश की 1 करोड़ 26 लाख लाडली बहनें यही कह रही हैं कि आने वाले चुनाव में भी हम कांग्रेस को उसकी औकात दिखा देंगे।”

‘पूरे प्रदेश की लाडली बहनें भाजपा के साथ’
नीलम सक्सेना ने आगे कहा कि यह सिर्फ राजगढ़ का मामला नहीं है, बल्कि पूरे मध्यप्रदेश की लाडली बहनें भाजपा के साथ खड़ी हैं। उन्होंने कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रियव्रत सिंह को चेतावनी देते हुए कहा कि “अगर आप नए अध्यक्ष बने हैं, तो अपने कार्यकर्ताओं को काबू में रखिए। नेताओं की ऐसी भाषा आपके नाम और पद दोनों को मिटा सकती है।”
मातृशक्ति का अपमान नहीं सहेंगी महिलाएं
महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष अनीता दुबे ने कहा कि जिस देश और समाज में मातृशक्ति का पूजन किया जाता है, वहां कांग्रेस के नेता महिलाओं को बोरे में भरने की बात कर रहे हैं। यह न सिर्फ महिला समाज का अपमान है, बल्कि पूरी संस्कृति का अपमान है। उन्होंने कहा कि इस अपमान का जवाब लाडली बहनें आगामी चुनाव में जरूर देंगी।

कांग्रेस कार्यालय के बाहर हंगामा और पुलिस बल की तैनाती
कांग्रेस कार्यालय के बाहर भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। नारों और प्रदर्शन के कारण स्थिति तनावपूर्ण बनी रही। हालात को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती करनी पड़ी। महिलाएं हाथों में बोरे लहराते हुए कांग्रेस नेताओं से जवाब मांग रही थीं।
मामला सियासी रंग में ढला
जयवंत गुर्जर का यह बयान अब पूरी तरह सियासी मुद्दा बन चुका है। भाजपा महिला मोर्चा इसे चुनावी हथियार के रूप में भुनाने की तैयारी में है, वहीं कांग्रेस पार्टी के लिए यह बयान बैकफुट पर ले जाने वाला साबित हो रहा है।