घटना का विवरण
गुजरात के बनासकांठा जिले के डीसा तहसील में स्थित एक पटाखा फैक्ट्री में आज भीषण विस्फोट हुआ, जिसमें 11 मजदूरों की मौत हो गई और 3 गंभीर रूप से घायल हो गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, फैक्ट्री के बॉयलर के फटने से यह हादसा हुआ, जिसके बाद आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि मजदूरों को बचने का मौका भी नहीं मिला।

मौत और क्षति का आकलन
- अब तक 11 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि मलबे में और लोग फंसे होने की आशंका है।
- विस्फोट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि मानव अंग फैक्ट्री से दूर तक बिखर गए। फैक्ट्री के पीछे खेतों में भी शरीर के अंग मिले हैं।
- 3 घायलों को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें से सभी 40% से अधिक जल चुके हैं।
राहत और बचाव कार्य
- दमकल विभाग ने आग पर काबू पा लिया है, लेकिन अभी भी फैक्ट्री के अंदर कूलिंग का काम चल रहा है।
- स्थानीय प्रशासन, पुलिस और एनडीआरएफ की टीमें मलबे में फंसे लोगों को बचाने के लिए काम कर रही हैं।
- डीसा के विधायक प्रवीण माली ने बताया कि अब तक 5 लोगों को बचा लिया गया है और उन्हें अस्पताल में इलाज के लिए भेजा गया है।

लाइसेंसिंग संबंधी गड़बड़ी
जांच में पता चला है कि फैक्ट्री के मालिक खूबचंद सिंधी के पास दीपक ट्रेडर्स नामक इस यूनिट का केवल पटाखा बेचने का लाइसेंस था, न कि निर्माण करने का। यह एक गंभीर कानूनी उल्लंघन है, जिसके चलते पुलिस और प्रशासन ने मालिक के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
- डीसा एसडीएम नेहा पांचाल ने बताया कि घायलों का इलाज जारी है और हादसे की सही वजह का पता लगाने के लिए जांच शुरू की गई है।
- गुजरात सरकार ने मृतकों के परिवारों को मुआवजा देने की घोषणा की है, जबकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का वादा किया गया है।

आगे की कार्रवाई
- फैक्ट्री मालिक और लाइसेंस जारी करने वाले अधिकारियों की लापरवाही की जाँच की जाएगी।
- राज्य सरकार ने राज्यभर में अवैध पटाखा फैक्ट्रियों की जांच के आदेश दिए हैं।
यह दुर्घटना एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा मानकों और लाइसेंसिंग प्रक्रिया में गंभीर चूक की ओर इशारा करती है। गुजरात सरकार और केंद्रीय एजेंसियों को ऐसी अवैध इकाइयों पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदियों को रोका जा सके।
व्यूरो रिपोर्ट, रिपब्लिक सागर मीडिया
संवाददाता – अर्पित सेन
9109619237, 7806077338