सागर। मोतीनगर थाना पुलिस ने शादी का झांसा देकर 17 वर्षीय नाबालिग किशोरी का अपहरण करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से नाबालिग को सकुशल दस्तयाब कर लिया है। आरोपी की पहचान प्रमोद अहिरवार (21) निवासी संत रविदास वार्ड के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है।
घर से दुकान जाने के बहाने निकली थी किशोरी
पुलिस के अनुसार, 16 जनवरी को फरियादिया ने मोतीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनकी 17 वर्षीय बेटी दोपहर करीब 2.30 बजे मोहल्ले में दुकान जाने की बात कहकर घर से निकली थी, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटी। परिजनों ने आसपास के इलाकों और रिश्तेदारों के यहां काफी तलाश की, लेकिन किशोरी का कोई सुराग नहीं मिला।
मोहल्ले के युवक पर जताया था संदेह
लगातार तलाश के बावजूद जब कोई जानकारी नहीं मिली, तब परिजनों ने मोहल्ले के ही एक युवक प्रमोद अहिरवार पर संदेह जताया और थाने में एफआईआर दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
साइबर सेल की मदद से ट्रेस की लोकेशन
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने साइबर सेल की सहायता ली। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर किशोरी की लोकेशन ट्रेस की गई। शुक्रवार को पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर दबिश दी और नाबालिग को सकुशल बरामद कर लिया। इसके बाद आरोपी प्रमोद अहिरवार को भी हिरासत में ले लिया गया।
पीड़िता के बयान में हुआ बड़ा खुलासा
थाने लाकर किशोरी के बयान दर्ज किए गए। पीड़िता ने बताया कि आरोपी प्रमोद अहिरवार उसे शादी का झांसा देकर अपने साथ ले गया था। आरोपी ने उसे बहला-फुसलाकर घर से बाहर निकाला और अपने साथ रखा।
आरोपी ने किया जुर्म कबूल

मोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। नाबालिग से संबंधित मामला होने के कारण पुलिस ने प्रकरण में संबंधित गंभीर धाराएं बढ़ाई हैं। इसके बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया।
नाबालिग सुरक्षित, परिजनों ने ली राहत की सांस
किशोरी के सकुशल मिलने के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली है। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं की गहराई से पड़ताल की जा रही है