सागर/बंडा, 9 जुलाई 2025
शाहगढ़ थाना क्षेत्र में दो साल पहले हुई सनसनीखेज हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश श्री आशीष परसाई, बंडा की अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी शंकर सौर को आजीवन कारावास और एक हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। यह फैसला फरियादी मुकेश रैकवार द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर और ठोस सबूतों के आधार पर दिया गया। शासन की ओर से इस मामले की प्रभावी पैरवी वरिष्ठ एडीपीओ ताहिर खान ने की।

क्या था पूरा मामला?
23 मई 2022 को फरियादी मुकेश रैकवार का भाई दिनेश उर्फ दीपेन्द्र घर से जमनेरा की ओर निकला था। उसी शाम जब मुकेश अमरमऊ से लौट रहा था, तब बीएसएनएल ऑफिस के पास किसी व्यक्ति के चिल्लाने की आवाज सुनाई दी। पास जाकर देखा तो एक व्यक्ति आग की लपटों में घिरा हुआ था। पास जाकर देखा तो वह उसका भाई दिनेश था।
आखिरी बयान में बताया- शंकर ने पेट्रोल डालकर आग लगाई
मुकेश ने तत्काल आग बुझाने की कोशिश की और दिनेश से पूछा कि आग कैसे लगी? दिनेश ने अंतिम समय में बताया कि शंकर ने पेट्रोल डालकर आग लगा दी। पुलिस को सूचना दी गई और दिनेश को अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे सागर रेफर किया गया लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पुलिस जांच और कोर्ट की कार्यवाही
पुलिस ने घटनास्थल का पंचनामा तैयार किया, साक्ष्य एकत्रित किए और आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में चालान पेश किया। कोर्ट में सुनवाई के दौरान साक्षियों की गवाही, डॉक्टरी रिपोर्ट और पीड़ित के मौखिक बयान को आधार बनाकर न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार दिया।
फैसला और सजा
कोर्ट ने आरोपी शंकर सौर को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास और 1000 रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। कोर्ट ने अपने निर्णय में कहा कि यह अपराध न केवल नृशंस था, बल्कि समाज में भय और असुरक्षा की भावना पैदा करने वाला था।
न्याय की जीत और परिवार को राहत
फैसले के बाद पीड़ित परिवार ने राहत की सांस ली और न्यायपालिका का आभार व्यक्त किया। वरिष्ठ एडीपीओ ताहिर खान ने कहा कि यह फैसला कानून में आमजन के विश्वास को और मजबूत करेगा।