मध्यप्रदेश शासन के मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप तथा जिला प्रशासन सागर के निर्देशन में जिले के किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। इसी क्रम में “उन्नत कृषि महोत्सव” कार्यक्रम में भाग लेने हेतु सागर जिले के विभिन्न विकासखंडों से लगभग 1800 कृषकों को जिला रायसेन के लिए रवाना किया गया। यह महोत्सव किसानों को उन्नत खेती, नवीन तकनीकों और आधुनिक कृषि यंत्रों की जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है।
उप संचालक कृषि श्री राजेश त्रिपाठी के मार्गदर्शन में यह पूरी प्रक्रिया सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न की गई। जिले के प्रत्येक विकासखंड से चयनित किसानों को बसों एवं अन्य वाहनों के माध्यम से रवाना किया गया। प्रत्येक वाहन में एक वाहन प्रभारी तथा विकासखंड स्तर पर सहायक संचालकों को नोडल अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है, जिससे यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
प्रशासन द्वारा किसानों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है। उनके लिए भोजन, चाय और नाश्ते की व्यवस्था विकासखंडवार निर्धारित की गई है। सागर, जैसीनगर और बण्डा विकासखंड के किसानों के लिए राहतगढ़ में ठहरने एवं भोजन की व्यवस्था की गई है, जबकि रहली, देवरी, केसली और जैसीनगर के किसानों के लिए सिलवानी (जिला रायसेन) में व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। वहीं खुरई, बीना और मालथौन विकासखंड के किसानों के लिए खुरई में व्यवस्था की गई है।

यह महोत्सव जिला रायसेन के दशहरा मैदान में आयोजित किया जा रहा है, जहां प्रदेश एवं केंद्र सरकार के वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में कार्यक्रम का शुभारंभ किया जाएगा। जानकारी के अनुसार, इस कार्यक्रम का उद्घाटन मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री एवं भारत सरकार के केंद्रीय कृषि मंत्री द्वारा किया जाएगा, जिससे कार्यक्रम का महत्व और अधिक बढ़ गया है।
महोत्सव का मुख्य आकर्षण हाईटेक खेती-किसानी, आधुनिक कृषि उपकरण, नई कृषि तकनीकों और नवाचारों का प्रदर्शन है। यहां देश के विभिन्न कृषि अनुसंधान केंद्रों से आए विशेषज्ञ किसानों को प्रशिक्षण देंगे। विशेषज्ञ किसानों को उन्नत बीज, सिंचाई की आधुनिक पद्धतियां, फसल संरक्षण तकनीक और कृषि में नवीन प्रयोगों की जानकारी प्रदान करेंगे।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती से आगे बढ़ाकर आधुनिक और वैज्ञानिक खेती की ओर प्रेरित करना है, जिससे उनकी उत्पादन क्षमता और आय में वृद्धि हो सके। सरकार का मानना है कि इस प्रकार के आयोजनों से किसानों को नई दिशा मिलती है और वे बदलते समय के अनुसार अपनी खेती को उन्नत बना सकते हैं।
जिला प्रशासन ने यह भी जानकारी दी है कि 13 अप्रैल 2026 को भी विभिन्न विकासखंडों से किसानों के अन्य दलों को महोत्सव में शामिल होने के लिए भेजा जाएगा, ताकि अधिक से अधिक किसान इस अवसर का लाभ उठा सकें।
कुल मिलाकर, “उन्नत कृषि महोत्सव” किसानों के लिए एक सीखने और समझने का बड़ा मंच साबित हो रहा है, जहां वे आधुनिक तकनीकों को नजदीक से देख और समझ सकते हैं। यह पहल न केवल किसानों की आय बढ़ाने में सहायक होगी, बल्कि प्रदेश की कृषि व्यवस्था को भी मजबूत बनाएगी।