मध्यप्रदेश के दमोह जिले में तीन साल के मासूम अनिरुद्ध की हत्या के मामले का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। तेजगढ़ थाना क्षेत्र के महुआखेड़ा गांव में हुई इस वारदात ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। जिस परिवार में मासूम खेलता-कूदता था, उसी परिवार की बड़ी मां ने उसे मौत के घाट उतार दिया। पुलिस जांच में सामने आया है कि जमीन विवाद की पुरानी रंजिश के चलते आरोपी महिला ने पहले बच्चे का अपहरण किया और फिर गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद हत्या को छिपाने और पुलिस को गुमराह करने के लिए शव के सिर पर पत्थर से वार किया गया और शव को घर से करीब 50 मीटर दूर भूसे के ढेर में फेंक दिया गया।
घटना के बाद पूरे गांव में मातम और आक्रोश का माहौल है। मासूम की मौत से परिजन सदमे में हैं, वहीं गांव के लोग भी इस वारदात को लेकर स्तब्ध हैं कि आखिर कोई महिला इतनी बेरहमी से अपने ही परिवार के बच्चे की जान कैसे ले सकती है।

आंगन में खेलते-खेलते अचानक गायब हुआ था अनिरुद्ध
जानकारी के मुताबिक महुआखेड़ा गांव निवासी माखन सिंह लोधी का तीन वर्षीय बेटा अनिरुद्ध शुक्रवार सुबह घर के आंगन में खेल रहा था। परिवार के लोग अपने-अपने काम में व्यस्त थे। इसी दौरान अचानक बच्चा लापता हो गया। काफी देर तक जब वह नजर नहीं आया तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। पहले घर और आसपास के इलाकों में खोजबीन की गई, लेकिन कहीं कोई सुराग नहीं मिला।
बच्चे के पिता माखन सिंह ने बताया कि अनिरुद्ध कुछ देर पहले तक घर के सामने खेल रहा था, लेकिन अचानक गायब हो गया। परिवार को पहले लगा कि वह आसपास के घरों में चला गया होगा, लेकिन जब घंटों तलाश के बाद भी कोई जानकारी नहीं मिली तो मामला गंभीर हो गया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
रातभर चलता रहा सर्च ऑपरेशन
सूचना मिलते ही इमलिया चौकी पुलिस सक्रिय हो गई। गांव और आसपास के इलाकों में बच्चे की तलाश शुरू की गई। पुलिस को आशंका थी कि कहीं बच्चा किसी कुएं में तो नहीं गिर गया। ग्रामीणों की सूचना पर करीब 70 फीट गहरे कुएं तक की तलाशी ली गई। रातभर पुलिस, डॉग स्क्वॉड और एसडीआरएफ की टीम बच्चे की खोज में जुटी रही।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगी भी मौके पर पहुंचे। सागर से एफएसएल टीम को बुलाया गया ताकि हर पहलू से जांच की जा सके। पूरे गांव में बेचैनी का माहौल था और लोग बच्चे के सुरक्षित मिलने की दुआ कर रहे थे।

दूसरे दिन भूसे के ढेर में मिला शव
शनिवार दोपहर गांव के ही एक भूसे के ढेर के पास अनिरुद्ध का शव मिलने से सनसनी फैल गई। शव घर से करीब 50 मीटर दूर पड़ा था। बच्चे के शरीर पर चोटों के निशान थे और सिर पर गंभीर चोट दिखाई दे रही थी। सूचना मिलते ही पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। घटनास्थल को सुरक्षित करते हुए साक्ष्य जुटाए गए।
मासूम का शव मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। मां-बाप बदहवास हो गए और पूरे गांव में मातम फैल गया। ग्रामीणों ने भी घटना पर दुख और गुस्सा जाहिर किया।
जमीन विवाद बना हत्या की वजह
जांच के दौरान पुलिस को शुरुआत से ही बच्चे के बड़े पिता भगवान सिंह लोधी और बड़ी मां राजकुमारी लोधी पर शक था। बताया जा रहा है कि मृतक अनिरुद्ध के पिता माखन सिंह और उनके भाई भगवान सिंह के बीच लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते यह खौफनाक वारदात अंजाम दी गई।
पुलिस ने शक के आधार पर भगवान सिंह और उनकी पत्नी राजकुमारी लोधी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। शुरुआत में दोनों पुलिस को गुमराह करते रहे, लेकिन जब सख्ती से पूछताछ की गई तो राजकुमारी लोधी टूट गई और उसने हत्या करना कबूल कर लिया।
बड़ी मां ने खुद रची थी साजिश
पुलिस के अनुसार आरोपी महिला ने शुक्रवार सुबह बच्चे को अपने पास बुलाया और फिर उसे गायब कर दिया। बाद में सुनसान जगह पर ले जाकर उसका गला दबा दिया। हत्या के बाद उसने पुलिस को भ्रमित करने के लिए बच्चे के सिर पर पत्थर से वार किया ताकि मामला दुर्घटना या किसी अज्ञात हमले जैसा लगे।
इसके बाद आरोपी महिला ने शव को अंधेरे में घर से दूर भूसे के ढेर में फेंक दिया। महिला को उम्मीद थी कि पुलिस इसे अपहरण या हादसे का मामला समझेगी, लेकिन जांच के दौरान उसके बयान और परिस्थितियां संदिग्ध लगने लगीं।
पुलिस ने आरोपी महिला को लिया हिरासत में
एसपी आनंद कलादगी ने बताया कि आरोपी महिला राजकुमारी लोधी को हिरासत में लिया गया है। वहीं बड़े पिता भगवान सिंह से भी पूछताछ जारी है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस साजिश में और कौन-कौन शामिल था। मामले में अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि जमीन विवाद और पारिवारिक रंजिश के कारण इस हत्या को अंजाम दिया गया। पुलिस पूरे मामले के हर पहलू की गंभीरता से जांच कर रही है।
गांव में पसरा मातम, लोगों में आक्रोश
मासूम अनिरुद्ध की हत्या के बाद महुआखेड़ा गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। गांव के लोग इस बात से हैरान हैं कि जमीन विवाद जैसी बात में एक मासूम बच्चे की जान ले ली गई। ग्रामीणों का कहना है कि परिवार के भीतर का विवाद इतनी बड़ी घटना में बदल जाएगा, किसी ने सोचा भी नहीं था।
घटना के बाद गांव में लोगों की भारी भीड़ जुटी रही। हर कोई मासूम की मौत पर दुख व्यक्त करता नजर आया। वहीं पुलिस ने गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती है।
पुलिस जुटी आगे की जांच में
फिलहाल पुलिस आरोपी महिला से पूछताछ कर रही है और हत्या में इस्तेमाल किए गए सबूत जुटाए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट का भी इंतजार किया जा रहा है, जिससे हत्या के तरीके और समय की पुष्टि हो सकेगी। पुलिस का कहना है कि मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।