मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आज सागर जिले के बंडा आगमन पर अभूतपूर्व और पारंपरिक बुंदेली शैली में भव्य स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री जैसे ही हेलीकॉप्टर से उतरे, हेलीपैड से लेकर मंच स्थल तक का मार्ग उत्साह, संस्कृति और उल्लास से सराबोर हो गया। हजारों की संख्या में एकत्रित जनसमुदाय ने उनका अभूतपूर्व स्वागत किया और क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल बन गया।

बुंदेली संस्कृति की छटा बिखेरता स्वागत समारोह
मुख्यमंत्री के स्वागत में ढोल-नगाड़ों की गूंज, मांगलिक वाद्य यंत्रों की मधुर ध्वनि और पारंपरिक बुंदेली नृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियों ने वातावरण को पूरी तरह सांस्कृतिक रंगों से भर दिया। जैसे-जैसे मुख्यमंत्री डॉ. यादव जनसमुदाय की ओर बढ़ते गए, लोगों ने उन पर फूलों की वर्षा कर उनका जोशीला स्वागत किया।
बुंदेलखंड के अलग-अलग हिस्सों से आए कलाकारों ने अपनी संस्कृति की अनूठी विरासत को प्रस्तुत कर मुख्यमंत्री के स्वागत को विशेष बना दिया।

मुख्यमंत्री ने जनता के स्नेह को बताया ‘सबसे बड़ा सम्मान’
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हाथ जोड़कर जनता का अभिवादन स्वीकार किया और बंडा की जनता के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा—
“बुंदेलखंड की गर्मजोशी और स्नेह मुझे हमेशा नई ऊर्जा देते हैं। यह वीरों की मिट्टी है, यहाँ के लोगों का प्यार मेरे लिए सबसे बड़ा सम्मान है।”

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राज्य सरकार हर वर्ग और हर क्षेत्र के विकास के लिए समर्पित है और बुंदेलखंड के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
उत्साह से भरा स्वागत मार्ग
मुख्यमंत्री का काफिला जैसे-जैसे आगे बढ़ा, स्थानीय लोगों, महिलाओं, युवाओं और स्कूली बच्चों ने लहराते झंडों और पुष्प गुच्छों के साथ उनका अभिनंदन किया।
कार्यक्रम स्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद थी, वहीं प्रशासनिक अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री का स्वागत कर कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित की।