30 अप्रैल 2020… हिंदी सिनेमा ने उस दिन अपने सबसे जीवंत और बेबाक कलाकारों में से एक ऋषि कपूर को खो दिया था। आज उनकी पुण्यतिथि पर न सिर्फ उनके शानदार फिल्मी सफर को याद किया जा रहा है, बल्कि उनसे जुड़े कई दिलचस्प, विवादित और इंसानी पहलुओं को उजागर करने वाले किस्से भी चर्चा में हैं।
ऋषि कपूर का जाना उनके परिवार और फिल्म इंडस्ट्री दोनों के लिए बड़ा झटका था। उनकी बेटी रिद्धिमा कपूर के अनुसार, वह दिन बेहद डरावना और खालीपन से भरा था। उन्होंने बताया कि ऋषि कपूर सिर्फ एक सुपरस्टार नहीं, बल्कि परिवार के लिए सबसे अहम शख्स थे, जो हर वक्त अपने बच्चों और पत्नी के साथ समय बिताना पसंद करते थे।
बचपन से शुरू हुआ फिल्मी सफर
राज कपूर के बेटे ऋषि कपूर ने महज 3 साल की उम्र में फिल्म श्री 420 में चाइल्ड आर्टिस्ट के रूप में काम किया। बताया जाता है कि उन्हें चॉकलेट का लालच देकर शूटिंग करवाई गई थी। यही से उनका सिनेमा से रिश्ता शुरू हुआ, जो जीवनभर चला।
इसके बाद 1973 में फिल्म बॉबी से उन्होंने बतौर लीड एक्टर डेब्यू किया और रातों-रात स्टार बन गए। इसके बाद उन्होंने ‘कर्ज’, ‘चांदनी’, ‘प्रेम रोग’, ‘अमर अकबर एंथनी’ जैसी कई सुपरहिट फिल्मों में काम किया।

सख्त पिता और सिगरेट वाला किस्सा
किशोरावस्था में ऋषि कपूर को सिगरेट पीने की आदत लग गई थी। एक दिन जब राज कपूर ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया, तो उन्होंने बेटे की जमकर पिटाई कर दी। यह किस्सा ऋषि कपूर के अनुशासन और उनके परिवार के सख्त माहौल को भी दर्शाता है।
अवॉर्ड खरीदने का विवाद
ऋषि कपूर की जिंदगी का एक चर्चित विवाद तब सामने आया जब उन्होंने खुद अपनी आत्मकथा में स्वीकार किया कि फिल्म ‘बॉबी’ के लिए मिला फिल्मफेयर अवॉर्ड उन्होंने पैसे देकर हासिल किया था। उस समय अमिताभ बच्चन भी फिल्म जंजीर के लिए नॉमिनेटेड थे।
इस खुलासे के बाद दोनों के रिश्तों में खटास आ गई थी। हालांकि बाद में ऋषि कपूर ने इस बात पर अफसोस भी जताया।
सलीम खान से टकराव
एक समय ऐसा भी आया जब मशहूर लेखक जोड़ी सलीम-जावेद ने ऋषि कपूर को फिल्म ऑफर की, जिसे उन्होंने ठुकरा दिया। इससे नाराज होकर सलीम खान (सलमान खान के पिता) ने उन्हें करियर खत्म करने की धमकी तक दे दी थी।
इस पर ऋषि कपूर ने बेबाक अंदाज में जवाब दिया—“करके दिखाओ।” यह उनकी निडर और साफ-साफ बोलने वाली छवि को दर्शाता है।
अंडरवर्ल्ड डॉन से मुलाकात
ऋषि कपूर का नाम उस समय भी सुर्खियों में आया जब दुबई में उनकी मुलाकात अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम से हुई। बताया जाता है कि दाऊद ने उन्हें चाय पर बुलाया था और यह मुलाकात करीब 4 घंटे तक चली। इस घटना ने भी काफी विवाद खड़ा किया था।
निजी जिंदगी और रिश्ते
ऋषि कपूर की निजी जिंदगी भी काफी चर्चा में रही। फिल्म ‘बॉबी’ के दौरान उनका नाम डिंपल कपाड़िया के साथ जुड़ा। इससे पहले उनकी एक गर्लफ्रेंड यास्मीन भी थीं, जिनसे बाद में उनका ब्रेकअप हो गया।
आखिरकार उन्होंने नीतू सिंह से शादी की, जिनके साथ उन्होंने कई फिल्मों में काम किया। यह जोड़ी बॉलीवुड की सबसे चर्चित और सफल जोड़ियों में से एक रही।
गुस्सैल स्वभाव और मजेदार किस्से
ऋषि कपूर अपने गुस्सैल स्वभाव के लिए भी जाने जाते थे। एक बार उन्होंने एक डायरेक्टर को हाईवे पर कार से उतार दिया, क्योंकि उन्हें फिल्म की कहानी पसंद नहीं आई। वहीं, एक बार पत्नी के लिए गिफ्ट लाने की जगह वे कुत्ते के बिस्कुट लेकर आ गए, जिस पर दोनों के बीच झगड़ा भी हुआ।
50 साल का शानदार करियर
करीब 50 साल के अपने करियर में ऋषि कपूर ने 120 से ज्यादा फिल्मों में काम किया। खासतौर पर रोमांटिक हीरो के रूप में उन्होंने एक अलग पहचान बनाई। उम्र बढ़ने के साथ उन्होंने चरित्र भूमिकाओं में भी खुद को साबित किया, जैसे अग्निपथ, कपूर एंड संस और 102 नॉट आउट।
आज भी जिंदा हैं यादों में
ऋषि कपूर सिर्फ एक अभिनेता नहीं, बल्कि एक व्यक्तित्व थे—बेबाक, जिंदादिल और कभी-कभी विवादों में रहने वाले। उनकी बेटी रिद्धिमा के शब्दों में, “वो आज भी हमारे साथ हैं, हमें गाइड करते हैं।”
उनकी पुण्यतिथि पर फैंस और परिवार उन्हें याद कर रहे हैं—उनकी फिल्मों, उनके अंदाज और उनके उन किस्सों के जरिए, जो उन्हें हमेशा ‘लार्जर देन लाइफ’ बनाए रखते हैं।