सागर। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल के निर्देशानुसार बीना विकासखंड क्षेत्र अंतर्गत संचालित समर्थन मूल्य खरीदी केंद्रों का राजस्व अधिकारियों द्वारा निरीक्षण किया गया। निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य किसानों को उपार्जन प्रक्रिया में किसी प्रकार की परेशानी न हो, खरीदी कार्य पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ संपन्न हो तथा किसानों को शासन द्वारा निर्धारित सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने केंद्रों पर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित समिति प्रबंधकों एवं अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
बीना विकासखंड के पिपरासर, बीना ईटावा, कंजिया, रामपुर और भानगढ़ सहित अन्य खरीदी केंद्रों का निरीक्षण नायब तहसीलदार श्री हेमराज मेहर, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री अवधेश राय, संबंधित समिति प्रबंधकों तथा नोडल अधिकारियों की उपस्थिति में किया गया। अधिकारियों ने केंद्रों पर चना एवं मसूर खरीदी की प्रगति की समीक्षा करते हुए खरीदी कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि किसानों से चना एवं मसूर की खरीदी निर्धारित समय-सीमा में सुनिश्चित की जाए तथा किसी भी किसान को अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े। उन्होंने खरीदे गए कृषि उत्पाद के शीघ्र परिवहन पर विशेष जोर देते हुए कहा कि उपार्जित माल लंबे समय तक केंद्रों पर जमा न रहे, ताकि भंडारण संबंधी समस्याएं उत्पन्न न हों और खरीदी कार्य सुचारू रूप से चलता रहे।
अधिकारियों ने किसानों के भुगतान को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि किसानों की फीडिंग समय पर की जाए ताकि भुगतान प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो। अधिकारियों ने समिति प्रबंधकों से कहा कि खरीदी के बाद संबंधित किसानों की जानकारी तत्काल पोर्टल पर दर्ज की जाए, जिससे उन्हें शीघ्र भुगतान प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि किसानों को समय पर भुगतान मिलना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान खरीदी केंद्रों पर किसानों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का भी जायजा लिया गया। अधिकारियों ने समिति प्रबंधकों को निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम को देखते हुए केंद्रों पर छायादार व्यवस्था या टेंट की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसानों को धूप में परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके साथ ही पेयजल के लिए पर्याप्त पानी के टैंकर उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए।
अधिकारियों ने खरीदी केंद्रों पर साफ-सफाई बनाए रखने तथा किसानों के बैठने की व्यवस्था बेहतर करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि किसानों को उपार्जन केंद्रों पर सम्मानजनक वातावरण मिलना चाहिए और सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित हों।

निरीक्षण के दौरान स्लॉट बुकिंग व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि खरीदी कार्य निर्धारित स्लॉट बुकिंग के अनुसार समय पर पूरा किया जाए, जिससे किसानों को लंबी कतारों या अव्यवस्था का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि खरीदी केंद्रों पर पारदर्शिता और अनुशासन बनाए रखना आवश्यक है।
राजस्व अधिकारियों ने समिति प्रबंधकों से कहा कि वे शासन के निर्देशों का गंभीरता से पालन करें तथा खरीदी प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही न होने दें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि किसानों की समस्याओं का मौके पर ही निराकरण किया जाए और यदि कोई तकनीकी या प्रशासनिक समस्या आती है तो तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया जाए।
निरीक्षण के दौरान किसानों से भी चर्चा की गई और उनसे उपार्जन प्रक्रिया के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। अधिकारियों ने किसानों को आश्वस्त किया कि प्रशासन उनकी सुविधा और हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कार्य कर रहा है तथा खरीदी प्रक्रिया को सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
प्रशासन द्वारा किए जा रहे नियमित निरीक्षणों से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि समर्थन मूल्य खरीदी कार्य व्यवस्थित ढंग से संचालित हो और किसानों को समय पर खरीदी एवं भुगतान की सुविधा मिल सके। जिले में खरीदी कार्य को लेकर प्रशासन लगातार सक्रिय बना हुआ है और सभी संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।