सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर बोला युवक- “यह मेरी गर्लफ्रेंड है, हमने अपनी मर्जी से साथ आने का फैसला किया”
मध्यप्रदेश के ग्वालियर शहर में दिनदहाड़े लॉ कॉलेज के बाहर से 17 वर्षीय छात्रा को कार में जबरन ले जाने की घटना ने पूरे शहर में सनसनी फैला दी है। बुधवार दोपहर हुई इस घटना के 24 घंटे बाद भी पुलिस मुख्य आरोपी जीतू तोमर और उसके साथी तक नहीं पहुंच सकी है। मामले ने उस समय नया मोड़ ले लिया जब कथित अपहरणकर्ता जीतू तोमर ने छात्रा के साथ एक वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर दावा किया कि छात्रा उसकी गर्लफ्रेंड है और दोनों अपनी मर्जी से साथ गए हैं।
घटना कम्पू थाना क्षेत्र के कैंसर पहाड़िया इलाके की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार बुधवार दोपहर करीब 2:30 बजे लॉ छात्रा अपनी सहेली डोली के साथ कॉलेज गेट के बाहर खड़ी थी। इसी दौरान बिना नंबर की एक बलेनो कार वहां पहुंची, जिसमें जीतू तोमर अपने एक साथी के साथ सवार था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कार रुकते ही आरोपियों ने छात्रा को जबरन खींचकर कार में बैठा लिया और तेजी से वहां से फरार हो गए।
घटना के दौरान छात्रा की सहेली डोली ने विरोध करने की कोशिश की, लेकिन आरोपियों ने उसे धक्का देकर गिरा दिया। आरोपियों ने भागते समय छात्रा का मोबाइल फोन भी छीन लिया और सड़क पर फेंक दिया, ताकि वह किसी से संपर्क न कर सके। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी।

सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शहरभर में नाकाबंदी कराई गई। हाईवे, टोल प्लाजा और शहर के प्रमुख प्रवेश मार्गों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगालनी शुरू की, लेकिन आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गए।
मामले में नया मोड़ तब आया जब गुरुवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ। वीडियो में जीतू तोमर खुद को ग्वालियर निवासी बताते हुए कहता दिखाई दे रहा है कि छात्रा उसकी गर्लफ्रेंड है और दोनों का ढाई साल पुराना रिलेशनशिप है। वीडियो में छात्रा भी उसके साथ बैठी दिखाई दे रही है।
वीडियो में जीतू तोमर कहता है, “मेरा नाम जीतू तोमर है। जो लड़की मेरे साथ बैठी है वह मेरी गर्लफ्रेंड है। मीडिया में जो दिखाया जा रहा है कि मैंने इसका किडनैप किया है, ऐसा कुछ नहीं है। हम दोनों का ढाई साल से रिलेशनशिप है। पिछले एक महीने से हमारे बीच कुछ गलतफहमियां हो गई थीं। मैं उससे मिलने आया था और फिर हम दोनों साथ आ गए।”
उसने आगे कहा कि दोनों अपनी मर्जी से साथ गए हैं और जल्द ही घर लौट आएंगे। वीडियो में उसने पुलिस और परिवार वालों से अपील की कि उनके परिजनों को परेशान न किया जाए।
हालांकि, पुलिस इस वीडियो को मामले का अंतिम सत्य मानने को तैयार नहीं है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि छात्रा नाबालिग है, इसलिए मामले की जांच सभी कानूनी पहलुओं को ध्यान में रखकर की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं छात्रा पर दबाव बनाकर वीडियो तो नहीं बनवाया गया।
पुलिस सूत्रों के अनुसार जीतू तोमर के खिलाफ पहले भी कुछ आपराधिक गतिविधियों की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब उसके मोबाइल लोकेशन, सोशल मीडिया गतिविधियों और परिचितों के आधार पर तलाश में जुटी हुई है। साइबर सेल की टीम को भी जांच में लगाया गया है।

इस घटना के बाद शहर में कानून-व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। दिनदहाड़े कॉलेज के बाहर से छात्रा को ले जाने की घटना ने अभिभावकों और छात्रों में चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि कॉलेजों और सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होती तो ऐसी घटना को रोका जा सकता था।
घटना के बाद कॉलेज परिसर में भी भय और तनाव का माहौल बना हुआ है। छात्राओं और अभिभावकों ने प्रशासन से कॉलेजों के आसपास पुलिस गश्त बढ़ाने और सुरक्षा इंतजाम मजबूत करने की मांग की है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए कई टीमें गठित की गई हैं और आरोपियों की तलाश लगातार जारी है। पुलिस ने दावा किया है कि जल्द ही छात्रा और आरोपी को सुरक्षित बरामद कर लिया जाएगा। वहीं, छात्रा के परिवार की ओर से लगातार पुलिस प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग की जा रही है।
फिलहाल यह मामला पूरे ग्वालियर में चर्चा का विषय बना हुआ है। एक ओर वायरल वीडियो रिश्ते और सहमति की बात कर रहा है, वहीं दूसरी ओर सार्वजनिक स्थान से जबरन कार में बैठाकर ले जाने की घटना कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है। पुलिस अब वीडियो की सत्यता, छात्रा की स्थिति और पूरे घटनाक्रम की गहराई से जांच कर रही है।