मध्यप्रदेश के छतरपुर में कोतवाली थाना पुलिस ने बस यात्रियों के बैग से चोरी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि गिरोह का मास्टरमाइंड अभी भी फरार है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 20 लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात भी बरामद किए हैं।
दो वारदातों से खुला बड़ा नेटवर्क
इस गिरोह का खुलासा दो अलग-अलग चोरी की घटनाओं से हुआ। पहली घटना हरपालपुर निवासी प्रिंस गुप्ता की पत्नी के साथ हुई, जबकि दूसरी घटना भोपाल के अवधपुरी क्षेत्र की नीलम वर्मा के साथ सामने आई। दोनों मामलों में बस स्टैंड पर ट्रॉली बैग से कीमती सामान चोरी हुआ था।
इन घटनाओं के बाद कोतवाली थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत अलग-अलग केस दर्ज किए गए और जांच शुरू की गई।

इनाम घोषित, विशेष टीम ने पकड़ा गिरोह
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने आरोपियों की गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया और एक विशेष टीम का गठन किया। तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने गिरोह की पहचान की और दबिश देकर पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
यूपी-राजस्थान से जुड़े आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इकबाल अली, छोटू राइन उर्फ इसराइल, समीर राइन, शाहरुख और रुक्साना उर्फ जाहिना बेगम के रूप में हुई है। ये आरोपी उत्तर प्रदेश के जालौन और राजस्थान के अजमेर क्षेत्र के निवासी हैं।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि यह गिरोह बस और ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों को निशाना बनाता था। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर यह लोग चुपचाप बैग से कीमती सामान निकाल लेते थे।
20 लाख के जेवरात बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। इनमें चार मंगलसूत्र, एक सोने का हार, दो बालियां, नथ, चूड़ियां, बिछिया, झुमकी, कंगन, चेन, अंगूठियां, पायल और कमर चेन शामिल हैं। कुल बरामद सामान की कीमत करीब 20 लाख रुपये आंकी गई है।

मास्टरमाइंड अभी फरार
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस गिरोह का मास्टरमाइंड अरबाज है, जो उत्तर प्रदेश के जालौन का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, अवैध हथियार, चोरी और डकैती जैसे कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
फिलहाल वह फरार है और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
संगठित तरीके से करते थे वारदात
जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह के सदस्य अलग-अलग भूमिकाओं में काम करते थे। कोई यात्रियों पर नजर रखता था, कोई ध्यान भटकाता था और अन्य सदस्य बैग से सामान निकाल लेते थे। वारदात के बाद सभी अलग-अलग दिशाओं में निकल जाते थे, जिससे पकड़ना मुश्किल हो जाता था।
पुलिस टीम की अहम भूमिका
यह पूरी कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और नगर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में कोतवाली थाना पुलिस टीम द्वारा की गई। पुलिस का कहना है कि जल्द ही फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा और गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की भी तलाश जारी है।
यात्रियों के लिए अलर्ट
इस घटना के बाद पुलिस ने यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी है—
- बस और ट्रेन में सफर करते समय अपने सामान पर नजर रखें
- भीड़भाड़ में अजनबियों से सावधान रहें
- कीमती सामान को सुरक्षित स्थान पर रखें
- संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें

छतरपुर पुलिस की इस कार्रवाई से एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश हुआ है, लेकिन मास्टरमाइंड के फरार होने से खतरा अभी पूरी तरह टला नहीं है। ऐसे में जरूरी है कि पुलिस की कार्रवाई के साथ-साथ आम लोग भी सतर्क रहें, ताकि इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाई जा सके।