भोपाल के हबीबगंज थाना क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान 32 वर्षीय युवक की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। मामला शनिवार देर रात का है, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक नर्स मृतक युवक को रिवाइव करने के लिए सीपीआर देती नजर आ रही है, जबकि वार्ड में कोई डॉक्टर या अन्य मेडिकल स्टाफ मौजूद नहीं दिख रहा। इसी वीडियो को परिजनों ने रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर साझा किया है।
बिगड़ती हालत के बावजूद नहीं पहुंचे सीनियर डॉक्टर: परिजन
बरखेड़ी निवासी 32 वर्षीय विशाल जोगी को हबीबगंज थाना क्षेत्र के अक्षय अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि शनिवार शाम से ही विशाल की हालत बिगड़ने लगी थी। इस दौरान उन्होंने कई बार अस्पताल स्टाफ से सीनियर डॉक्टर को बुलाने की मांग की, लेकिन कोई वरिष्ठ चिकित्सक नहीं आया। परिजनों का कहना है कि समय रहते सही इलाज और डॉक्टर की मौजूदगी होती तो विशाल की जान बचाई जा सकती थी।

वायरल वीडियो में डॉक्टर नदारद, परिजन बदहवास
अस्पताल में हंगामे से पहले का एक वीडियो सामने आया है, जिसे विशाल के एक परिजन ने रिकॉर्ड किया था। वीडियो में देखा जा सकता है कि बेड पर लेटे युवक को एक नर्स सीपीआर देकर बचाने की कोशिश कर रही है। आसपास मौजूद परिजन रोते-बिलखते नजर आ रहे हैं। वीडियो रिकॉर्ड कर रहा व्यक्ति बार-बार यह कहते हुए सुनाई देता है कि अस्पताल में एक भी डॉक्टर मौजूद नहीं है।
हंगामा बढ़ा तो स्टाफ और गार्ड भी निकले बाहर
अस्पताल स्टाफ के अनुसार, युवक की मौत के बाद करीब 30 से अधिक लोग अचानक अस्पताल में आ गए और हंगामा शुरू कर दिया। हालात बिगड़ते देख अस्पताल का स्टाफ और सुरक्षा गार्ड अपनी जान बचाने के लिए बाहर निकल गए। स्टाफ का दावा है कि उस समय अस्पताल में केवल नाइट ड्यूटी पर तैनात दो सफाई कर्मी ही मौजूद थे।

परिजनों ने की तोड़फोड़
अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक विशाल की हालत पहले से ही गंभीर थी और इसकी जानकारी परिजनों को दी गई थी। डॉक्टरों ने युवक को बचाने के लिए हर संभव प्रयास किया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। इसके बावजूद मौत के बाद परिजन आक्रोशित हो गए और अस्पताल में लगे कांच, कुर्सियां, बोर्ड सहित अन्य सामान तोड़ डाले।
अस्पताल प्रबंधन ने आरोपों को बताया गलत
अस्पताल प्रबंधन ने इलाज में लापरवाही के आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि मरीज की स्थिति गंभीर थी और लगातार इलाज किया जा रहा था। हंगामा बढ़ने पर पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस जांच में जुटी, पीएम रिपोर्ट का इंतजार
हबीबगंज थाना पुलिस के अनुसार, अस्पताल से सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा और उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल यह मामला सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के कारण चर्चा में है और पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।