शादी वाले दिन निजी फोटो-वीडियो भेजकर तुड़वाया रिश्ता, आरोपी युवक गिरफ्तार !

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छतरपुर। शादी वाले दिन युवती के निजी फोटो और वीडियो उसकी होने वाली ससुराल में भेजकर रिश्ता तुड़वाने के मामले में गढ़ीमलहरा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर युवती के साथ पुराने प्रेम संबंधों का गलत फायदा उठाकर उसकी सामाजिक प्रतिष्ठा और वैवाहिक जीवन को नुकसान पहुंचाने का आरोप है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान 23 वर्षीय अखिलेश अहिरवार पिता विष्णु अहिरवार निवासी ग्राम मनकारी थाना महाराजपुर के रूप में हुई है। कार्रवाई गढ़ीमलहरा थाना प्रभारी रीता सिंह और उनकी टीम द्वारा की गई।

जानकारी के मुताबिक पीड़ित युवती की शादी तय हो चुकी थी और परिवार में विवाह की तैयारियां चल रही थीं। शादी की तारीख नजदीक आने के कारण घर में खुशी का माहौल था। इसी बीच आरोपी अखिलेश अहिरवार ने युवती के साथ पुराने प्रेम संबंधों से जुड़े निजी फोटो और वीडियो उसकी होने वाली ससुराल पक्ष को भेज दिए।

परिजनों का आरोप है कि जैसे ही फोटो और वीडियो ससुराल पक्ष तक पहुंचे, वहां विवाद की स्थिति बन गई। मामले को लेकर दोनों परिवारों के बीच बातचीत हुई, लेकिन अंततः ससुराल पक्ष ने शादी से इनकार कर दिया। इससे युवती और उसके परिवार को गहरा मानसिक और सामाजिक आघात पहुंचा।

परिवार का कहना है कि आरोपी ने जानबूझकर युवती की शादी तुड़वाने और उसकी बदनामी करने के उद्देश्य से यह हरकत की। घटना के बाद युवती और उसके परिजन बेहद सदमे में आ गए। इसके बाद पीड़िता ने गढ़ीमलहरा थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल जांच शुरू की। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 69 के तहत प्रकरण दर्ज किया। जांच के दौरान इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य एकत्र किए गए और मोबाइल तथा डिजिटल माध्यमों से भेजे गए फोटो-वीडियो की जानकारी जुटाई गई।

पुलिस जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने के बाद आरोपी अखिलेश अहिरवार को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आरोपी से पूछताछ की और उसके मोबाइल सहित अन्य डिजिटल उपकरणों की भी जांच की जा रही है।

गढ़ीमलहरा थाना प्रभारी रीता सिंह ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच अभी जारी है और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की तकनीकी जांच भी कराई जा रही है।

पीड़ित युवती और उसके परिजनों ने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि आरोपी ने केवल एक रिश्ता नहीं तुड़वाया, बल्कि पूरे परिवार की सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाई है। परिवार का आरोप है कि आरोपी ने बदले की भावना से यह कदम उठाया।

यह मामला एक बार फिर सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म के दुरुपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। विशेषज्ञों का मानना है कि निजी फोटो और वीडियो का गलत इस्तेमाल किसी व्यक्ति के सामाजिक और मानसिक जीवन पर गहरा असर डाल सकता है। ऐसे मामलों में जागरूकता और कानूनी कार्रवाई दोनों जरूरी हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साइबर अपराध और डिजिटल माध्यमों से होने वाले उत्पीड़न के मामलों को गंभीरता से लिया जा रहा है। लोगों से अपील की गई है कि निजी जानकारी और फोटो साझा करते समय सावधानी बरतें तथा किसी भी प्रकार की ब्लैकमेलिंग या डिजिटल उत्पीड़न की स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करें।

फिलहाल पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आरोपी ने फोटो और वीडियो किन माध्यमों से भेजे तथा क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है। आने वाले दिनों में जांच के आधार पर और भी खुलासे हो सकते हैं।

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