सागर। शाहपुर में हुए चर्चित दोहरे हत्याकांड के बाद राजनीतिक माहौल भी गर्मा गया है। मंगलवार को जीतू पटवारी शाहपुर पहुंचे और मृतक युवकों नीरज प्रजापति तथा सूरज अहिरवार के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें न्याय दिलाने का आश्वासन दिया।
पीसीसी चीफ ने मौके से ही सागर पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया को फोन लगाया और कहा कि वे स्वयं शाहपुर आकर यहां की स्थिति देखें। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और यह पूरी घटना प्रशासन की विफलता को दर्शाती है।

“पीड़ित परिवारों को मिले न्याय”
मृतकों के परिजनों से मुलाकात के दौरान जीतू पटवारी ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। परिवार के लोगों ने उन्हें बताया कि किस तरह दोनों युवकों के साथ मारपीट की गई और बाद में उनकी मौत हो गई।
पटवारी ने कहा कि पीड़ित परिवारों को न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने मांग की कि दोनों परिवारों को आर्थिक सहायता के साथ सरकारी नौकरी भी दी जाए, ताकि पीड़ित परिवारों को सहारा मिल सके।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति लगातार बिगड़ रही है और शराब माफियाओं के हौसले बढ़ते जा रहे हैं।
कांग्रेस ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
इस दौरान कांग्रेस के संभागीय प्रवक्ता अभिषेक गौर ने आरोप लगाया कि शाहपुर चौकी पुलिस ने अपराधियों को संरक्षण दिया है। उन्होंने मांग की कि संबंधित पुलिसकर्मियों की कॉल डिटेल निकलवाई जाए और पूरे मामले की न्यायिक जांच कराई जाए।

अभिषेक गौर ने कहा कि दोनों मृतकों के परिवारों को 50-50 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाए और परिवार के एक सदस्य को आउटसोर्स के माध्यम से नौकरी दी जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि न्याय की लड़ाई लड़ने वाले लोगों पर बिना साक्ष्य कोई मामला दर्ज नहीं किया जाना चाहिए। यदि ऐसा किया गया तो कांग्रेस आंदोलन करेगी।
एसडीओपी को हटाने और शराब दुकान का लाइसेंस निरस्त करने की मांग
कांग्रेस नेताओं ने मामले में कार्रवाई की मांग करते हुए एसडीओपी प्रकाश मिश्रा को हटाने की मांग भी उठाई। साथ ही क्षेत्र में संचालित शराब दुकान का लाइसेंस रद्द करने की मांग की गई।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि क्षेत्र में अवैध शराब कारोबार और शराब माफियाओं की गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन प्रशासन प्रभावी कार्रवाई नहीं कर पा रहा है।
इस दौरान जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह मोहसा, पूर्व मंत्री प्रभु सिंह, सुरेंद्र चौधरी, आशीष ज्योतिषी, पूर्व विधायक नारायण प्रजापति, तरवर सिंह लोधी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
“हर मोहल्ले में बिक रही शराब”
मीडिया से बातचीत में जीतू पटवारी ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मध्यप्रदेश के हर मोहल्ले में शराब बिक रही है। उन्होंने कहा कि शराब माफियाओं ने दो परिवारों के मुखिया की हत्या कर दी और प्रशासन तमाशबीन बना रहा।
उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा, “यहां प्रशासन है क्या? गृह विभाग है क्या? या फिर गृह मंत्रालय कुछ देख ही नहीं पा रहा है?”
पटवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री मोहन यादव के पास गृह विभाग सहित कई महत्वपूर्ण विभाग हैं, इसलिए सरकार को इस मामले में जवाब देना चाहिए।
विधानसभा में उठाने की बात कही

जीतू पटवारी ने कहा कि वे शाहपुर हत्याकांड का मामला विधानसभा में उठाएंगे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अपराध और शराब माफियाओं का प्रभाव लगातार बढ़ता जा रहा है, जिसे रोकना सरकार की जिम्मेदारी है।
गोपाल भार्गव पर भी साधा निशाना
पीसीसी चीफ ने इस दौरान रहली विधायक और पूर्व मंत्री गोपाल भार्गव पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि गोपाल भार्गव नौ बार विधायक रह चुके हैं और क्षेत्र की कानून व्यवस्था पर ध्यान देना उनकी भी जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि जनता अब जवाब चाहती है कि आखिर ऐसी घटनाएं लगातार क्यों हो रही हैं और अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं हो रही।