सेमिनार के नाम पर बुलाकर 1.89 करोड़ की लूट: भोपाल क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई, मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा सहित 6 आरोपी गिरफ्तार !

Spread the love

भोपाल क्राइम ब्रांच को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जिसमें आईएएस अकेडमी संचालिका को सेमिनार का झांसा देकर भोपाल बुलाकर पिस्टल की नोक पर डरा-धमका कर 1.89 करोड़ रुपये की संगठित सनसनीखेज लूट की घटना के मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा को सहआरोपियों सहित गिरफ्तार किया गया।


 चंद घंटों के अंदर लूट की संपूर्ण राशि होल्ड एवं मास्टरमाइंड सहित 06 आरोपी गिरफ्तार ।
 आईएएस एकेडमी संचालिका को बड़े सेंटर और सेमिनार का झांसा देकर षड्यंत्र में फंसाकर करोड़ों की लूट करने वाला अकेडमी का पुराना छात्र मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा गिरफ्तार ।
 संचालिका को दिल्ली से भोपाल बुलाकर नया सेंटर खोलने का झांसा देकर बंधक बनाकर पिस्टल/कट्टे की नोक पर डरा-धमका कर 1.89 करोड़ स्वयं की सोसायटी जनकशिला एवं आरएस इंटरप्राइजेस के खातों में ट्रांसफर कराए ।
 पुलिस द्वारा खातों को तत्काल फ्रीज कराकर ठगी/लूट की संपूर्ण राशि की होल्ड एवं रिफंड की प्रक्रिया जारी, जल्द ही राशि पीड़िता के खाते में वापस जाएगी ।
 पूरी साजिश का मुख्य सूत्रधार एवं मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा निकला, जिसने सहयोगियों के माध्यम से हथियारबंद बदमाशों को बुलाकर दहशत फैलाकर सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया ।
 पीड़िता को आरोपी ने अपने ही साथी के अपहरण का भय दिखाकर वीडियो बनाया ताकि वह पुलिस शिकायत न करे और भविष्य में भी पैसे देती रहे ।
 एक दिन पूर्व ही किराये का मकान लिया गया, जिसमें उसी दिन सुंदरकांड का आयोजन किया गया ताकि घटनाक्रम का शोर एवं पीड़ितों की चीख-पुकार कोई सुन न सके ।
 दतिया एवं रीवा से बुलाए गए बदमाशों ने पिस्टल एवं कट्टे की नोक पर वारदात को अंजाम दिया।
 अपराध के बाद आरोपी ने बीमारी का झूठा बहाना बनाकर एम्स अस्पताल भोपाल के ICU में भर्ती होकर पुलिस से बचने की कोशिश की।
 एम्स अस्पताल में मां एवं पत्नी द्वारा पुलिस कार्रवाई के दौरान भारी हंगामा किया गया ।
 पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर दबिश देकर आरोपियों को गिरफ्तार किया।
 आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त अवैध पिस्टल एवं अन्य सामग्री बरामद की गई।
 वारदात के बाद आरोपी की विदेश फरार होने की योजना थी ।
 मामले में आरोपी की पत्नी की संलिप्तता की जांच जारी है ।


घटना का विवरण

आवेदक संतोष कुमार पिता नीलेंदु ठाकुर, निवासी ए-79/80 हरदेव नगर, दिल्ली द्वारा शिकायत प्रस्तुत की गई, जिसमें उल्लेख किया गया कि शुभ्रा (शुभ्रा रंजन आईएएस अकेडमी की डायरेक्टर) एवं अन्य सहयोगियों को भोपाल निवासी प्रियांक शर्मा एवं उसके साथियों द्वारा एडमिशन एवं सेमिनार का झांसा देकर भोपाल बुलाया गया। इसके बाद सभी को एक अज्ञात स्थान पर ले जाकर हथियारबंद व्यक्तियों के साथ बंधक बनाकर कट्टा अड़ाकर जान से मारने की धमकी दी गई।

आरोपियों द्वारा दबाव बनाकर सोसायटी जनकशिला एवं आरएस इंटरप्राइजेस के विभिन्न बैंक खातों में कुल ₹1.89 करोड़ की राशि ऑनलाइन ट्रांसफर कराई गई। साथ ही साक्ष्य छुपाने एवं भय उत्पन्न करने हेतु पीड़ितों से झूठा वीडियो भी बनवाया गया, जिसमें एक व्यक्ति को रस्सी से बांधकर बक्से में बंद करने जैसा नाटक कराया गया। फरियादी द्वारा यह भी स्पष्ट किया गया कि आरोपी द्वारा पूर्व परिचित संबंधों का दुरुपयोग कर वारदात को अंजाम दिया।


पुलिस कार्रवाई

घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त श्री संजय कुमार एवं अतिरिक्त पुलिस आयुक्त श्रीमती मोनिका शुक्ला द्वारा आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी एवं लूटी गई रकम बरामद करने हेतु निर्देश दिए गए।

पुलिस उपायुक्त अपराध श्री अखिल पटेल, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, सहायक पुलिस आयुक्त श्री अनिल कुमार वर्मा एवं श्री चन्द्रभान सिंह चढ़ार के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी क्राइम ब्रांच अशोक मरावी व उनकी टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर बागसेवनिया, कटारा हिल्स, झागरिया गांव, सेज यूनिवर्सिटी, अयोध्या नगर एवं मिनाल रेसिडेंसी में दबिश दी।

इसी दौरान आरोपी एम्स अस्पताल भोपाल में भर्ती मिला, जहां उसकी हालत सामान्य पाई गई और उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।


अपराध का विवरण (अपडेट)

अपराध का विवरणः- उक्त घटना पर भोपाल अपराध शाखा में प्रकरण क्रमांक 61/26 के अंतर्गत धारा 140(2), 310(2), 351(2), 351(3), 127(2), 61(2), 316(5), 115(2), 318(4) वीएनएस, 25, 27 आर्म्स एक्ट एवं 66(डी) आईटी एक्ट के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया।

आरोपी प्रियांक शर्मा की तलाश हेतु पुलिस टीम द्वारा तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर विभिन्न स्थानों—बागसेवनिया, कटारा हिल्स, झागरिया गांव, सेज यूनिवर्सिटी, अयोध्या नगर एवं मिनाल रेसिडेंसी में लगातार दबिश दी गई।

इसी दौरान आरोपी एम्स अस्पताल भोपाल के आसपास मिला, जहां जांच करने पर वह अपने परिजनों के साथ भर्ती पाया गया। डॉक्टरों से चर्चा में उसकी स्वास्थ्य स्थिति सामान्य पाई गई, जिसके बाद उसे विधिवत अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई।


पूछताछ में खुलासा

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने दिल्ली स्थित आईएएस एकेडमी के डायरेक्टर एवं स्टाफ को सेमिनार के बहाने भोपाल बुलाया था और सहयोगियों के माध्यम से हथियारबंद व्यक्तियों को बुलाकर डराने-धमकाने की योजना बनाई।
भय का माहौल बनाकर करीब ₹1.89 करोड़ रुपये ट्रांसफर कराए गए।


गिरफ्तार आरोपी

  1. प्रियांक शर्मा (मास्टरमाइंड)
  2. दीपक भगत
  3. रोहित मालवीय
  4. विकास उर्फ विक्की दाहिया
  5. कुनाल यादव
  6. पंकज अहिरवार

फरार आरोपी: रामजी उर्फ निहाल प्रजापति
संदेही: रामू उर्फ रामेश्वर शाक्य


यह पूरी वारदात एक सुनियोजित साजिश थी, जिसमें विश्वास का दुरुपयोग कर हथियारों के दम पर करोड़ों रुपये की लूट की गई। हालांकि भोपाल क्राइम ब्रांच की त्वरित कार्रवाई से न केवल आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, बल्कि पूरी राशि भी सुरक्षित कर ली गई, जो इस मामले में बड़ी सफलता मानी जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *