इंदौर के हीरानगर क्षेत्र में दीपावली की पूर्व संध्या पर हुई नाबालिग की संदिग्ध मौत के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में करंट लगने से मौत की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने कार सर्विसिंग सेंटर के संचालक के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज कर लिया है।
हीरानगर पुलिस ने शनिवार रात यूएस कार सर्विस सेंटर के मालिक उत्तम ठाकुर के खिलाफ आईपीसी की धारा 304A के तहत प्रकरण दर्ज किया। मृतक 17 वर्षीय भोला (पुत्र लखन भूरियाले) नंदानगर का निवासी था और दीपावली के एक दिन पहले काम पर बुलाया गया था।

पानी डालते समय अचानक गिरा—CCTV में कैद हुई घटना
कार सर्विस सेंटर के कर्मचारी राहुल के अनुसार, भोला वाहन पर पाइप से पानी मार रहा था। इसी दौरान वह अचानक जमीन पर गिर पड़ा। उसे तुरंत साथी युवक एमवाय अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
पहले पुलिस ने इसे संदिग्ध मानकर जांच शुरू की थी। आशंका थी कि मौत हार्ट अटैक या सिर में चोट लगने से हुई होगी, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने साफ कर दिया कि भोला की मौत करंट लगने से हुई है। इसके बाद संचालक पर लापरवाही का केस बनाया गया।
नाबालिग को जरूरत पड़ने पर बुलाया जाता था काम पर
दोस्तों के अनुसार, घटना वाले दिन भी भोला को अचानक काम पर बुलाया गया था। वह रोज यहां काम नहीं करता था, बल्कि ज़रूरत पड़ने पर सेवा केंद्र से कॉल आने पर पहुंच जाता था।
भोला के परिवार में एक बड़ा भाई है, जो रानीपुरा में एक दुकान पर नौकरी करता है। हादसे के बाद परिवार शोक में है और घटना को लेकर कई सवाल उठा रहा है कि आखिर सर्विस सेंटर में सुरक्षा के क्या इंतजाम थे।
पुलिस की आगे की कार्रवाई जारी
हीरानगर पुलिस अब यह जांच कर रही है कि सर्विस सेंटर में करंट कैसे फैला और क्या वहां सुरक्षा मानकों व इलेक्ट्रिकल फिटिंग्स में गंभीर खामियां थीं।
पुलिस का कहना है कि दोषियों पर आगे और भी सख्त कार्रवाई संभव है।
नाबालिग की संवेदनशील मौत ने इलाके में सुरक्षा मानकों और बाल श्रमिकों के उपयोग पर भी नए सवाल खड़े कर दिए हैं।