सागर — जिले के सानौधा थाना क्षेत्र के ग्राम पामाखेड़ी में पारिवारिक विवाद ने भयावह रूप ले लिया, जहां गेहूं के बंटवारे को लेकर हुए झगड़े में छोटे बेटे की जान चली गई। इस मामले में पुलिस ने पिता सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 19 अप्रैल की शाम करीब 4:30 बजे की है। गांव निवासी हिरदे अहिरवार का अपने छोटे बेटे हल्ले अहिरवार से गेहूं के बंटवारे को लेकर विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि हिरदे ने गुस्से में आकर अपने बड़े बेटे पप्पू उर्फ शिवराम और अपने पोतों को हल्ले पर हमला करने के लिए उकसा दिया।
बताया जा रहा है कि इसके बाद आरोपियों ने मिलकर हल्ले अहिरवार पर डंडों और पत्थरों से हमला कर दिया। यह हमला इतना गंभीर था कि हल्ले गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के दौरान बीच-बचाव करने पहुंची उसकी पत्नी सीमा के साथ भी मारपीट की गई, जिससे वह भी घायल हो गई।
घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों की मदद से घायल हल्ले को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा था। लेकिन चोटें गंभीर होने के कारण मंगलवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई और गांव में शोक का माहौल बन गया।
मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर हत्या का मामला दर्ज किया। इसके बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की और बुधवार को चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों में हिरदे अहिरवार (74), उसका बेटा पप्पू उर्फ शिवराम अहिरवार (45), संदेश अहिरवार (22) और एक 16 वर्षीय नाबालिग शामिल है। पुलिस ने सभी के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
भरत सिंह ठाकुर, सानौधा थाना प्रभारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गेहूं के बंटवारे को लेकर पहले से ही परिवार में विवाद चल रहा था। इसी के चलते यह घटना हुई। उन्होंने बताया कि सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा क्या इस विवाद के पीछे कोई पुरानी रंजिश भी थी। नाबालिग आरोपी को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा, जबकि अन्य आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
यह घटना एक बार फिर यह दर्शाती है कि छोटी-छोटी पारिवारिक बातों को यदि समय रहते सुलझाया न जाए, तो वे गंभीर परिणाम का रूप ले सकती हैं। प्रशासन और पुलिस ने लोगों से अपील की है कि आपसी विवादों को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाएं और कानून को अपने हाथ में न लें।
फिलहाल पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई जारी है।