सागर। बीना के खुरई रोड स्थित चौधरी पेट्रोल पंप के सामने आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन श्रीकृष्ण जन्मोत्सव श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। कथा का आयोजन प्रसिद्ध कथा व्यास जया किशोरी के सानिध्य में किया जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं।
जन्मोत्सव के दौरान पूरा कथा पंडाल “नंद घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयघोष से भक्तिमय माहौल में डूब गया। श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण की आकर्षक जन्म झांकी के दर्शन किए और पुष्प वर्षा कर उत्सव मनाया।
टॉफियां और खिलौनों का हुआ वितरण
श्रीकृष्ण जन्म के अवसर पर कथा पंडाल में टॉफियां और खिलौनों का वितरण भी किया गया। श्रद्धालु बधाई गीतों पर झूमते और नृत्य करते नजर आए। भक्तों में उत्साह और भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। कथा देर रात लगभग साढ़े 8 बजे तक जारी रही।

जया किशोरी ने सुनाया श्रीकृष्ण जन्म का प्रसंग
अपने प्रवचन में जया किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण के अवतार के महत्व और कारणों का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भगवान का अवतार सदैव संतों, गौमाता, देवताओं और धर्म की रक्षा के लिए होता है।
उन्होंने श्रीकृष्ण जन्म प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन करते हुए कहा कि भगवान ने जन्म लेते ही अपने माता-पिता को बंधनों से मुक्त कर दिया था। साथ ही प्रहरियों को गहरी निद्रा में सुलाकर स्वयं को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की लीला की।
भगवान की लीलाओं का किया वर्णन
कथा के दौरान जया किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं के प्रसंग भी सुनाए। उन्होंने कहा कि जब-जब पृथ्वी पर अधर्म और अत्याचार बढ़ता है, तब भगवान अवतरित होकर धर्म की स्थापना करते हैं।

उन्होंने भगवान विष्णु और भगवान शिव के विभिन्न अवतारों का उल्लेख करते हुए कहा कि भक्तों की रक्षा और दुष्टों के विनाश के लिए ईश्वर समय-समय पर पृथ्वी पर अवतार लेते रहे हैं।
श्रीराम जन्म और वामन अवतार का भी हुआ वर्णन
कथा व्यास ने भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव और वामन अवतार की कथा का भी भावपूर्ण वर्णन किया। श्रद्धालु पूरे समय मंत्रमुग्ध होकर कथा श्रवण करते रहे।
इस अवसर पर निर्मला सप्रे, सुशीला सिरोठिया सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।