महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने तथा समाज में जागरूकता का नया अध्याय लिखने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश सरकार 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर 2025 तक विशेष स्वास्थ्य अभियान चलाने जा रही है। “स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” शीर्षक से संचालित इस जनकल्याणकारी कार्यक्रम का शुभारंभ स्वयं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी करेंगे। यह अभियान पूरे प्रदेश के सभी जिलों में संचालित होगा, विशेषकर सागर जिले में इसकी गतिविधियों को और अधिक व्यापक रूप से लागू किया जाएगा।

अभियान का उद्देश्य
इस विशेष स्वास्थ्य अभियान का मकसद महिलाओं, किशोरियों और शिशुओं की स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी समस्याओं की पहचान कर उन्हें समय पर उपचार उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही अभियान के तहत—
- मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी लाना
- किशोरियों में एनीमिया की रोकथाम और जागरूकता फैलाना
- गैर-संचारी रोगों (NCDs) की स्क्रीनिंग करना
- गर्भवती महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रसव पूर्व जांच उपलब्ध कराना
- शिशुओं का सम्पूर्ण टीकाकरण सुनिश्चित करना
मुख्य रूप से लक्ष्य रखा गया है।
जिला स्तर पर गतिविधियाँ
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ममता तिमोरी ने बताया कि सागर जिले में 17 सितम्बर को अभियान का शुभारंभ जिला स्तरीय कार्यक्रम के रूप में होगा। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहेंगे। जिले के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों—
- सिविल अस्पताल,
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र,
- आयुष्मान आरोग्य मंदिर,
- उप स्वास्थ्य केंद्र,
पर विशेषज्ञता शिविर, रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य जांच और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
महिलाओं और किशोरियों पर फोकस
अभियान के दौरान विशेष रूप से महिलाओं और किशोरियों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
- महिला स्वास्थ्य जांच शिविर लगाए जाएंगे।
- गर्भवती महिलाओं की समय पर जांच और गुणवत्तापूर्ण मातृ देखभाल सुनिश्चित की जाएगी।
- किशोरियों में एनीमिया नियंत्रण पर विशेष जोर दिया जाएगा।
- साथ ही “निश्चय मित्र नामांकन” जैसे विशेष कार्यक्रम भी चलाए जाएंगे, जिनसे मातृ-शिशु स्वास्थ्य प्रबंधन को नया आधार मिलेगा।
विशेषज्ञों की राय
- डॉ. अचला जैन ने कहा कि मातृ मृत्यु दर को कम करने के लिए आवश्यक है कि जोखिमपूर्ण गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान हो और उनका प्राथमिकता से उपचार व फॉलोअप किया जाए।
- डॉ. जी.पी. आर्या ने परिवार नियोजन और कल्याण से जुड़ी जानकारी साझा करते हुए बताया कि छोटे परिवार और स्वास्थ्यप्रद जीवनशैली समाज की समग्र उन्नति के लिए अनिवार्य है।
- जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. विपिन खटीक ने जोर दिया कि अभियान के अंतर्गत शिशुओं का सम्पूर्ण टीकाकरण सुनिश्चित किया जाएगा ताकि उन्हें संक्रामक रोगों से सुरक्षित किया जा सके।
सामूहिक प्रयास और समन्वय
बैठक में जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री आशुतोष धुटे, डीपीएचएनओ श्रीमती जॉली साबू, डीसीएम श्री बृजेश तिवारी, एमएंडई श्री पवन विश्वकर्मा, श्री डीपी राय सहित सभी सीबीएमओ, बीएमओ, बीपीएम एवं बीसीएम मौजूद रहे।
इन सभी अधिकारियों ने अभियान की रूपरेखा पर चर्चा करते हुए अपने-अपने स्तर से समन्वय और सहयोग सुनिश्चित करने का संकल्प लिया।

सामाजिक प्रभाव
“स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” अभियान यह संदेश देता है कि नारी का स्वास्थ्य ही परिवार और समाज की मजबूती का आधार है। यदि महिलाएँ और किशोरियाँ स्वस्थ रहेंगी तो अगली पीढ़ी भी मजबूत और सक्षम बनेगी। मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी और एनीमिया जैसी गंभीर समस्याओं का समाधान समाज को एक नई दिशा देगा।
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के शुभारंभ से यह अभियान राष्ट्रीय स्तर पर विशेष महत्व प्राप्त कर रहा है। 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक चलने वाले इस विशेष कार्यक्रम के दौरान न केवल स्वास्थ्य सेवाएँ आमजन तक पहुँचेंगी बल्कि जनजागरूकता का भी व्यापक वातावरण बनेगा।