इंस्टाग्राम और यूट्यूब चैनलों के जरिए फैलाता था नफरत – देशभर के युवाओं को भड़काने का था मकसद
बरेली। बरेली पुलिस ने सोशल मीडिया पर फर्जी वीडियो और नफरत फैलाने वाले संगठन हैदरी दल के मास्टरमाइंड को मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा से गिरफ्तार किया है। आरोपी का नाम अकबर खान है, जो मूल रूप से यूपी के फतेहपुर का रहने वाला है, लेकिन उसका परिवार लंबे समय से छिंदवाड़ा में बस गया है। पुलिस ने बताया कि अकबर दो इंस्टाग्राम अकाउंट और एक यूट्यूब चैनल के जरिए सांप्रदायिक नफरत फैलाने का काम कर रहा था।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी कि आरोपी ने पूछताछ में कबूल किया है कि उसका मकसद मुसलमानों को गुमराह करना, उन्हें हिंदुओं के खिलाफ भड़काना और समाज में वैमनस्य फैलाना था।

कैसे काम करता था हैदरी दल
- अकबर ने इंस्टाग्राम पर दो अकाउंट बनाए थे – टीम हैदरी दल और हैदरी दल ऑफिशियल।
- इसके अलावा वह यूट्यूब पर राष्ट्रीय टीवी नाम से चैनल चला रहा था।
- कई व्हाट्सऐप ग्रुप भी ऑपरेट कर रहा था, जिनमें बड़ी संख्या में युवक जुड़े हुए थे।
- आरोपी फर्जी वीडियो, फोटो और दूसरे देशों की घटनाओं को भारत का बताकर शेयर करता था।
उसके पोस्ट का पैटर्न ऐसा था कि मुस्लिम युवाओं को लगे कि उन पर लगातार अत्याचार हो रहे हैं – जैसे मस्जिदों पर बुलडोजर चलाए जा रहे हैं, मुस्लिम लड़कियों को भगवा लव ट्रैप में फंसाया जा रहा है। इन झूठी कहानियों का मकसद सिर्फ नफरत फैलाना था।

पुलिस को कैसे मिली जानकारी
7 जून को हैदरी दल का एक वीडियो इंस्टाग्राम पर वायरल हुआ, जिसमें लड़कियों से बदसलूकी की जा रही थी। इसके बाद हिंदू जागरण मंच के अध्यक्ष हिमांशु पटेल ने पुलिस को शिकायत दी।
हिमांशु पटेल ने वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी शेयर किया और लिखा कि – “बरेली के गांधी उद्यान पार्क में हैदरी दल के लोग जाकर लड़के-लड़कियों को परेशान करते हैं, धमकी देते हैं और उनकी वीडियो बनाकर वायरल करते हैं। आखिर इन लोगों को परमीशन किसने दी है?”
शिकायत के बाद पुलिस हरकत में आई और 8 जून को कोतवाली थाने में FIR दर्ज की गई। FIR में लिखा गया कि वीडियो में कुछ युवक सार्वजनिक स्थान पर लड़कियों को रोककर उनकी पहचान पूछ रहे हैं, उनसे आधार कार्ड दिखाने का दबाव बना रहे हैं और गैर-धर्म के लड़कों से दोस्ती करने पर रोक लगा रहे हैं।

क्या लिखा FIR में
चौकी इंचार्ज नितिन राणा ने दर्ज कराई FIR में कहा कि वीडियो सार्वजनिक स्थान पर धार्मिक भावनाओं को भड़काने और वैमनस्य फैलाने वाला है। इससे समाज में तनाव और कानून-व्यवस्था बिगड़ने की आशंका है।
अब तक की कार्रवाई
- पुलिस पहले ही हैदरी दल से जुड़े मोहम्मद जैश और शानू को गिरफ्तार कर चुकी थी। बाद में उन्हें जमानत मिल गई।
- नबी हसन नामक आरोपी के मोबाइल से अश्लील वीडियो बरामद हुए थे, जिसके चलते उसे जेल भेजा गया।
- कुल मिलाकर अब तक इस नेटवर्क से जुड़े 5 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
3 सितंबर को पुलिस ने एक और केस (नंबर 444/25) दर्ज किया, जिसमें आईटी एक्ट की धारा 66 समेत कई गंभीर धाराएं जोड़ी गईं।

जांच में सामने आया बड़ा नेटवर्क
पुलिस जांच में अब तक
- 68 इंस्टाग्राम अकाउंट्स
- 12 से ज्यादा व्हाट्सऐप ग्रुप
का पता चला है, जो हैदरी दल के नाम से ऑपरेट किए जा रहे थे।
सबसे ज्यादा फॉलोवर्स वाला अकाउंट हैदरी दल ऑफिशियल था, जिसे छिंदवाड़ा से ऑपरेट किया जा रहा था। यही वजह है कि पुलिस ने अकबर खान को वहां से ट्रेस कर अरेस्ट किया।

आगे की कार्रवाई
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि पुलिस अब आरोपी की कॉल डिटेल और चैट हिस्ट्री की जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि अकबर किन-किन लोगों के संपर्क में था और देश के किन-किन शहरों से उसके अकाउंट्स को सबसे ज्यादा फॉलो किया जा रहा था।