छतरपुर। जिले के बाजना थाना क्षेत्र अंतर्गत रानीताल रोड पर सोमवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसे में ससुर और बहू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार में सवार तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। तेज रफ्तार कार अंधे मोड़ पर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए।
जानकारी के अनुसार कार क्रमांक UP 14 GT 1795 रानीताल से पनागर की ओर जा रही थी। कार में सवार 55 वर्षीय मुन्नीलाल अहिरवार अपनी 23 वर्षीय बहू प्रियंका अहिरवार को उसके मायके पनागर छोड़ने जा रहे थे। इसी दौरान रानीताल रोड पर स्थित अंधे मोड़ के पास तेज रफ्तार के कारण चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा और कार सड़क किनारे पलट गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसा इतना भीषण था कि कार कई बार पलटी खाते हुए सड़क किनारे जा गिरी। दुर्घटना के समय जोरदार धमाके जैसी आवाज सुनाई दी, जिससे आसपास के ग्रामीण मौके की ओर दौड़ पड़े।
कार में फंसे लोगों को ग्रामीणों ने निकाला
हादसे के बाद कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार लोग अंदर फंस गए। स्थानीय ग्रामीणों ने तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। लोगों ने काफी मशक्कत के बाद वाहन में फंसे लोगों को बाहर निकाला।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय रेस्क्यू वाहन और पुलिस टीम भी मौके पर पहुंच गई। घायलों को तत्काल बिजावर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने दो लोगों को मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
बिजावर स्वास्थ्य केंद्र में ड्यूटी पर मौजूद महेश त्रिवेदी ने जांच के बाद मुन्नीलाल अहिरवार और प्रियंका अहिरवार को मृत घोषित कर दिया।

वहीं हादसे में घायल धर्मेंद्र चौरसिया, हरि और नीलम की हालत गंभीर बताई जा रही है। प्राथमिक उपचार के बाद तीनों को जिला अस्पताल रेफर किया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
डॉक्टरों के अनुसार घायलों को सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। अस्पताल में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।
तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह
घटना की सूचना मिलते ही बाजना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। थाना प्रभारी अयोध्या प्रसाद ने बताया कि प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण तेज रफ्तार और अंधे मोड़ पर वाहन से नियंत्रण खोना माना जा रहा है।
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटनाग्रस्त कार को भी जब्त कर लिया गया है।
परिवार में मातम का माहौल
हादसे की खबर मिलते ही मृतकों के परिजन अस्पताल पहुंच गए। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल था। ग्रामीणों ने बताया कि मुन्नीलाल अहिरवार अपने परिवार के जिम्मेदार सदस्य थे और बहू को मायके छोड़ने जा रहे थे, लेकिन रास्ते में यह दुखद हादसा हो गया।
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि रानीताल रोड के खतरनाक मोड़ों पर सुरक्षा संकेतक और स्पीड कंट्रोल के उपाय किए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों को रोका जा सके।