इंदौर। शहर के लसूडिया इलाके में रविवार देर रात एक सनसनीखेज घटना ने पूरे क्षेत्र को हिलाकर रख दिया। स्कीम नंबर 78 स्थित मार्क पब के बाहर दो गुटों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मारपीट और खून-खराबे तक की नौबत आ गई। बदमाशों ने एक युवक को सड़क पर पटककर न केवल बेल्ट से पीटा बल्कि चाकू से भी वार कर दिया। इस पूरी घटना का वीडियो वहां मौजूद लोगों ने मोबाइल पर रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो अब तेजी से वायरल हो रहा है।

विवाद से हमला तक का घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, रविवार रात पब से बाहर निकलने के दौरान गोविंद भाटी और प्रसिद्ध भाटी की कहासुनी अलीराजपुर निवासी शिवम हुडवे, उसके भाई प्रशांत, प्रदीप, लक्की डाबर और उनके साथियों से हो गई। बहस देखते ही देखते हिंसक रूप ले ली।
आरोप है कि हमलावरों ने गोविंद और प्रसिद्ध को बीच सड़क पर पटक दिया और बेल्ट से जमकर पीटना शुरू कर दिया। इतना ही नहीं, उन्होंने गोविंद पर चाकू से हमला कर गंभीर चोटें पहुंचाईं। मौके पर मौजूद लोग इस बर्बरता को देखते रहे और कुछ ने इसका वीडियो बनाकर इंटरनेट पर शेयर कर दिया।
पुलिस की तत्परता और कार्रवाई
घटना की जानकारी मिलते ही लसूडिया थाना प्रभारी (टीआई) तारेश सोनी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पांच युवकों को हिरासत में ले लिया। देर रात घायल गोविंद का बयान दर्ज किया गया, जिसमें उसने आपसी विवाद के चलते हमला होने की बात कही।
गोविंद को गंभीर चोटों के चलते एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
वीडियो बना सबूत
मारपीट और चाकूबाजी का वीडियो अब पुलिस जांच का अहम हिस्सा बन गया है। फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि आरोपियों ने किस तरह पीड़ित को सड़क पर पटककर बर्बरता की। पुलिस इस वीडियो की मदद से घटना में शामिल अन्य युवकों की पहचान भी कर रही है।
आरोपियों पर मामला दर्ज
पुलिस ने पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मारपीट, हत्या के प्रयास और शस्त्र अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है। वहीं, अधिकारियों का कहना है कि जांच आगे बढ़ने पर और नाम सामने आ सकते हैं।
पब संस्कृति और सुरक्षा पर सवाल
इंदौर में लगातार हो रही पब और बार से जुड़ी घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि देर रात पब के बाहर आए दिन विवाद और झगड़े होते हैं, जिससे आसपास के निवासियों को असुरक्षा का माहौल महसूस होता है।
निष्कर्ष
लसूडिया क्षेत्र का यह मामला सिर्फ एक आपसी विवाद नहीं, बल्कि शहर में तेजी से फैलती अपराध प्रवृत्ति और असुरक्षित नाइटलाइफ़ की ओर इशारा करता है। पुलिस की समय पर कार्रवाई ने हालात बिगड़ने से जरूर रोका, लेकिन सवाल यह है कि आखिर कब तक पब के बाहर ऐसे खूनी खेल चलते रहेंगे?