भोपाल के टीटी नगर थाना क्षेत्र में महिला कर्मचारी के घर हुई लूट की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। टीआई गौरव सिंह ने बताया कि पीड़िता अर्चना वर्मा (28) 98 क्वार्टर, टीटी नगर में रहती हैं और माइनिंग डिपार्टमेंट में असिस्टेंट ग्रेड-3 के पद पर कार्यरत हैं। उनके पिता सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करते हैं, जबकि मां का बीमारी के चलते पहले ही निधन हो चुका है।
टीआई के अनुसार, अर्चना ने घर के कामकाज के लिए एक मेड को रखा हुआ था। इसी मेड का बेटा आशीष उर्फ गोली रायकवार है, जो हाल ही में हत्या के प्रयास के मामले में जेल से छूटकर बाहर आया था। आशीष का पहले से पीड़िता के घर आना-जाना था और वह घर के छोटे-मोटे काम भी करता था, जिससे उसे घर की पूरी जानकारी थी।

काम के बहाने घर में घुसे आरोपी
पुलिस जांच में सामने आया कि आशीष ने अपने 15 वर्षीय मौसेरे भाई के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई थी। उसे यह भी पता था कि पीड़िता के पिता किस समय ड्यूटी पर जाते और लौटते हैं। घटना के दिन दोनों आरोपी काम के बहाने घर पहुंचे, गेट खटखटाया और जैसे ही गेट खुला, धक्का देकर अंदर घुस गए। इसके बाद चाकू की नोक पर महिला से घर में रखे कैश और सामान के बारे में जानकारी ली।
करीब 15 मिनट के भीतर बदमाशों ने नकदी, मोबाइल फोन और अन्य कीमती सामान लूटा और मौके से फरार हो गए। घटना के बाद पीड़िता ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।

लूट का माल बरामद, आरोपी गिरफ्तार
मामले की सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके में घेराबंदी कर मुख्य आरोपी आशीष रायकवार और उसके नाबालिग सहयोगी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने लूटी गई नकदी और अन्य सामान भी बरामद कर लिया है।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उस पर समूह लोन का दबाव था और रिकवरी कॉल लगातार आ रहे थे। इसी वजह से उसने लूट की वारदात को अंजाम दिया। आरोपी ने यह भी कबूला कि बची हुई रकम से वह अपने शौक पूरे करना और नई बाइक खरीदने की योजना बना रहा था।
फिलहाल पुलिस नाबालिग को किशोर न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई में ले रही है, जबकि मुख्य आरोपी को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। मामले की आगे की जांच जारी है।