बरगी क्रूज हादसे पर सियासत तेज: जीतू पटवारी का सीएम पर हमला, बोले—एमपी में गवर्नेंस पूरी तरह फेल !

Spread the love

मध्यप्रदेश की राजनीति में बरगी क्रूज हादसा को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। भोपाल में प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री पर तीखा हमला बोलते हुए शासन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जब बरगी डैम में क्रूज हादसे के बाद लोगों की लाशें निकाली जा रही थीं, उस समय मुख्यमंत्री राजभवन में सांस्कृतिक कार्यक्रम में व्यस्त थे।

पटवारी ने इसे “संवेदनहीनता की पराकाष्ठा” बताते हुए कहा कि यह घटना दर्शाती है कि प्रदेश में शासन व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। उनके अनुसार, राज्य में लगातार हो रहे हादसे, बढ़ते अपराध, किसानों की समस्याएं और प्रशासनिक लापरवाही इस बात का संकेत हैं कि सरकार हालात संभालने में विफल रही है।

मीडिया से बातचीत में पटवारी ने कहा कि हाल के समय में प्रदेश में कई ऐसी घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें सामूहिक रूप से लोगों की जान गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये केवल हादसे नहीं हैं, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम हैं। उन्होंने कहा कि “राजनीतिक जिम्मेदारी पूरी तरह खत्म हो चुकी है।”

पटवारी ने यह भी ऐलान किया कि वे इस पूरे मामले को लेकर राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को पत्र लिखेंगे, ताकि केंद्र सरकार मध्यप्रदेश की स्थिति पर संज्ञान ले। उनका कहना है कि राज्य में हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि अब केंद्रीय हस्तक्षेप की आवश्यकता है।

उन्होंने अन्य मुद्दों को भी उठाते हुए सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पेयजल तक सुरक्षित नहीं है और जहरीले पानी के कारण लोगों की जान जा रही है। साथ ही, दवाइयों में लापरवाही के चलते बच्चों की मौत जैसी घटनाओं को उन्होंने बेहद दुखद और शर्मनाक बताया।

बरगी डैम हादसे को लेकर पटवारी ने कहा कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) की आपत्तियों के बावजूद क्रूज संचालन जारी रखा गया, जिसके कारण यह हादसा हुआ और कई लोगों की जान चली गई। उन्होंने इसे सीधी लापरवाही करार दिया।

आदिवासी क्षेत्रों की स्थिति पर भी उन्होंने चिंता जताई। पटवारी ने कहा कि परिवहन सुविधाओं की कमी के कारण आदिवासी अंचलों में सड़क हादसे लगातार हो रहे हैं, जिससे निर्दोष लोगों की जान जा रही है। उन्होंने प्रदेश में बढ़ते अपराध, भ्रष्टाचार और अत्याचार को भी गंभीर मुद्दा बताया।

किसानों के मुद्दे पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की फसल को भारी नुकसान हुआ है। इसके बावजूद उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिल रहा। उन्होंने मांग की कि गेहूं और धान की भावांतर राशि तुरंत किसानों को दी जाए। साथ ही उन्होंने 7 तारीख को किसानों के समर्थन में बड़वानी से मुरैना तक नेशनल हाईवे जाम करने की घोषणा भी की।

भोपाल में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पर भी उन्होंने सवाल उठाए। उनका आरोप है कि यह कार्रवाई गरीबों के खिलाफ साजिश है और वर्षों से बसे परिवारों को जबरन हटाया जा रहा है। उन्होंने न्यायालय से भी अपील की कि ऐसे मामलों में गरीबों के पक्ष को समझा जाए।

निगम-मंडलों में नियुक्तियों को लेकर भी पटवारी ने सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कर्ज लेकर चल रही है और राजनीतिक लाभ के लिए पदों का बंटवारा किया जा रहा है।

कुल मिलाकर, बरगी क्रूज हादसे के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। एक ओर विपक्ष सरकार को कठघरे में खड़ा कर रहा है, वहीं दूसरी ओर सरकार पर बढ़ते दबाव के बीच जवाबदेही का सवाल भी उठ रहा है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है, जिससे मध्यप्रदेश की राजनीतिक दिशा पर भी असर पड़ने की संभावना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *