प्रदेशभर में सड़क सुरक्षा को लेकर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सागर जिले में भी बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वालों के विरुद्ध व्यापक कार्रवाई की गई। पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार 26 अप्रैल 2026 से 10 मई 2026 तक चलाए गए इस विशेष अभियान का उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना तथा नागरिकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक बनाना रहा।

यह अभियान पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया के निर्देशन में संचालित किया गया। अभियान के संचालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. संजीव उइके, लोकेश कुमार सिन्हा तथा उप पुलिस अधीक्षक (यातायात) मयंक सिंह चौहान का विशेष मार्गदर्शन रहा।
अभियान के दौरान यातायात पुलिस द्वारा शहर के प्रमुख चौराहों, मुख्य मार्गों और व्यस्त क्षेत्रों में विशेष चेकिंग पॉइंट स्थापित किए गए। यहां बिना हेलमेट वाहन चलाने वाले चालकों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई की गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में सिर की गंभीर चोटों के कारण होने वाली मौतों को कम करने के लिए हेलमेट पहनना अत्यंत आवश्यक है, इसलिए लोगों को इसके लिए लगातार प्रेरित किया जा रहा है।

यातायात पुलिस ने केवल कार्रवाई तक अभियान को सीमित नहीं रखा, बल्कि आमजन को जागरूक करने के लिए विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए। लोगों को यातायात नियमों की जानकारी दी गई और सुरक्षित वाहन संचालन के महत्व को समझाया गया। पुलिस अधिकारियों ने दोपहिया वाहन चालकों से अपील की कि वे स्वयं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए हमेशा हेलमेट पहनकर ही वाहन चलाएं।
अभियान के दौरान एक सकारात्मक और प्रेरणादायक पहल भी देखने को मिली। हेलमेट पहनकर यातायात नियमों का पालन करने वाले नागरिकों को यातायात पुलिस द्वारा फूल भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अनोखी पहल से लोगों में नियमों के प्रति सकारात्मक संदेश गया और यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरणा का वातावरण बना।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं बल्कि प्रत्येक नागरिक की भी जिम्मेदारी है। यदि वाहन चालक स्वयं जागरूक होकर यातायात नियमों का पालन करें तो बड़ी संख्या में सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है। विशेष रूप से दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट जीवन रक्षक सुरक्षा कवच का कार्य करता है।
सागर पुलिस ने अभियान के माध्यम से संदेश दिया कि “आपकी सुरक्षा, आपकी जिम्मेदारी”। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे दोपहिया वाहन चलाते समय अनिवार्य रूप से हेलमेट पहनें, निर्धारित गति सीमा का पालन करें, यातायात संकेतों का सम्मान करें तथा सुरक्षित जीवन की दिशा में जिम्मेदार नागरिक की भूमिका निभाएं।
यातायात पुलिस का मानना है कि इस प्रकार के जागरूकता अभियान और नियमित कार्रवाई से लोगों में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और भविष्य में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने में मदद मिलेगी।