सागर। जिले में व्यापारिक गतिविधियों को नई गति देने और स्थानीय व्यापारियों एवं उद्यमियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में प्रशासन ने महत्वपूर्ण पहल शुरू कर दी है। प्रस्तावित ट्रेड सेंटर के निर्माण को लेकर कलेक्टर प्रतिभा पाल ने नगर निगम अधिकारियों के साथ विभिन्न संभावित स्थलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं और संभावनाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने आबकारी गोदाम, पुरानी तहसीली और घरोंदा आश्रम स्थित भूमि का स्थल निरीक्षण करते हुए वहां उपलब्ध आधारभूत सुविधाओं, पहुंच मार्ग, भू-उपयोग की स्थिति तथा निर्माण की व्यवहारिक संभावनाओं का परीक्षण किया।
कलेक्टर प्रतिभा पाल ने निरीक्षण के दौरान अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त करते हुए निर्देश दिए कि प्रस्तावित ट्रेड सेंटर के लिए ऐसा स्थान चयनित किया जाए जो भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पर्याप्त भूमि, बेहतर यातायात संपर्क और आधुनिक अधोसंरचना की दृष्टि से उपयुक्त हो। उन्होंने कहा कि ट्रेड सेंटर केवल एक भवन नहीं होगा, बल्कि यह जिले के व्यापारिक और औद्योगिक विकास का महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।

निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने आबकारी गोदाम क्षेत्र का अवलोकन करते हुए वहां उपलब्ध भूमि और पहुंच मार्ग की स्थिति का मूल्यांकन किया। इसके बाद पुरानी तहसीली परिसर का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध स्थान, आसपास की आबादी और यातायात व्यवस्था पर चर्चा की। घरोंदा आश्रम स्थित भूमि का भी निरीक्षण किया गया, जहां अधिकारियों ने भूमि की उपलब्धता और विकास की संभावनाओं से संबंधित जानकारी प्रस्तुत की।
कलेक्टर प्रतिभा पाल ने कहा कि किसी भी शहर की आर्थिक प्रगति में व्यापार और उद्योग की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यदि व्यापारियों और उद्यमियों को एक ही स्थान पर आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हों तो न केवल व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलता है बल्कि निवेश के नए अवसर भी विकसित होते हैं। प्रस्तावित ट्रेड सेंटर इसी सोच के साथ विकसित किया जा रहा है, जिससे सागर जिले के व्यापारिक ढांचे को मजबूती मिल सके।
उन्होंने बताया कि ट्रेड सेंटर के निर्माण से स्थानीय व्यापारियों को प्रदर्शनी, व्यापारिक सम्मेलन, उत्पाद प्रदर्शन, खरीदार-विक्रेता बैठकें और अन्य व्यावसायिक आयोजनों के लिए एक व्यवस्थित मंच उपलब्ध होगा। वर्तमान में ऐसे आयोजनों के लिए पर्याप्त और आधुनिक सुविधाओं वाले स्थायी परिसर का अभाव महसूस किया जाता है। ट्रेड सेंटर के विकसित होने से यह कमी दूर होगी और जिले के व्यापार को नई पहचान मिलेगी।

कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि भूमि चयन की प्रक्रिया में सभी तकनीकी पहलुओं का गहन परीक्षण किया जाए। इसमें भूमि का स्वामित्व, भू-उपयोग, यातायात सुविधा, पार्किंग व्यवस्था, जल एवं विद्युत उपलब्धता, सुरक्षा मानक और भविष्य में विस्तार की संभावनाओं जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि परियोजना का उद्देश्य केवल वर्तमान जरूरतों को पूरा करना नहीं बल्कि आने वाले वर्षों की आवश्यकताओं को भी ध्यान में रखना है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सागर में आधुनिक ट्रेड सेंटर की स्थापना होती है तो इसका लाभ केवल शहर तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों के उद्यमियों, कृषि आधारित उद्योगों और लघु उद्योग संचालकों को भी मिलेगा। यहां आयोजित होने वाले व्यापारिक मेलों और प्रदर्शनियों के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध हो सकेगा। इससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और जिले की आर्थिक गतिविधियों में भी वृद्धि होगी।
व्यापारिक संगठनों द्वारा भी लंबे समय से ऐसे आधुनिक ट्रेड सेंटर की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। व्यापारियों का मानना है कि जिले में उद्योग, कृषि और व्यापार से जुड़े उत्पादों के प्रदर्शन एवं विपणन के लिए एक समर्पित मंच की आवश्यकता है। प्रस्तावित ट्रेड सेंटर इस दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हो सकता है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर प्रतिभा पाल ने संबंधित अधिकारियों से विभिन्न स्थलों के राजस्व अभिलेख, भूमि की स्थिति, स्वामित्व संबंधी दस्तावेजों और उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि सभी आवश्यक औपचारिकताओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करते हुए परियोजना को आगे बढ़ाया जाए ताकि जल्द से जल्द अंतिम स्थल का चयन किया जा सके।

प्रशासन का मानना है कि ट्रेड सेंटर के निर्माण से सागर जिले में निवेश का वातावरण बेहतर होगा और विभिन्न क्षेत्रों के उद्यमियों को अपनी गतिविधियों का विस्तार करने का अवसर मिलेगा। साथ ही यह परियोजना शहर को क्षेत्रीय व्यापारिक केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम अमन मिश्रा, नगर निगम आयुक्त राजकुमार खत्री सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने कलेक्टर को संभावित स्थलों की विशेषताओं, उपलब्ध संसाधनों और विकास की संभावनाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
गौरतलब है कि प्रदेश में औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न स्तरों पर अधोसंरचनात्मक विकास कार्य किए जा रहे हैं। ऐसे में सागर में प्रस्तावित ट्रेड सेंटर को जिले के आर्थिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रशासनिक स्तर पर प्रारंभ हुई यह कवायद आने वाले समय में सागर को व्यापार और निवेश के क्षेत्र में नई पहचान दिला सकती है।