जिला स्तरीय बाल श्रम टास्क फोर्स एवं जिला स्तरीय बंधक श्रम सतर्कता समिति की बैठक आज कलेक्टर सभा कक्ष सागर में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सागर द्वारा की गई।

बैठक में श्रम विभाग की संबल योजना, भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं तथा सीएम हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों की विस्तृत समीक्षा की गई। मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने विभागीय अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और पात्र हितग्राहियों तक लाभ पहुँचाने पर विशेष जोर दिया।
साथ ही, बाल श्रम एवं बंधक श्रम जैसी सामाजिक कुप्रथाओं को समाप्त करने के लिए अंतर्विभागीय समन्वय के साथ सतत निरीक्षण एवं त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि—
- सभी संबंधित विभागों द्वारा संयुक्त निरीक्षण अभियान चलाए जाएंगे।
- स्कूल शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास, पुलिस एवं श्रम विभाग के बीच नियमित समन्वय सुनिश्चित किया जाएगा।
- बाल श्रमिकों की पहचान एवं पुनर्वास के लिए कार्य योजना तैयार की जाएगी।
- जनजागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में बाल श्रम के विरुद्ध प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
बैठक में श्रीमती ज्योति पांडे दुबे (मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सागर), श्रीमती ज्योति तिवारी (विशेष किशोर पुलिस इकाई), श्री भारत सिंह राजपूत (जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास), तथा श्री सिद्धार्थ पचौरी (सदस्य, जिला बंधक श्रम सतर्कता समिति) सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं टास्क फोर्स के सदस्य उपस्थित रहे।

मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने सभी अधिकारियों से अपील की कि वे बाल श्रम व बंधक श्रम उन्मूलन को जनआंदोलन के रूप में लें, ताकि सागर जिला इस दिशा में एक आदर्श जिले के रूप में पहचान बना सके।