इंदौर में इंस्टाग्राम रील देखकर नकली नोट मंगवाने वाले चार युवकों को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया है। चारों आरोपी आपस में दोस्त हैं और नकली नोट खपाने का बड़ा नेटवर्क बनाना चाहते थे। पुलिस ने इनके पास से दो लाख रुपए के नकली नोट और दो बाइक जब्त की हैं।
एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया के अनुसार, चारों युवकों ने 2 लाख रुपए के नकली नोट खरीदने के लिए 50 हजार रुपए चुकाए थे। वे सोशल मीडिया पर दिखाए जा रहे “फास्ट मनी” के झांसे में आकर शॉर्टकट से अमीर बनना चाहते थे।

गुटकेश्वर महादेव मंदिर के पास हुई गिरफ्तारी
गुरुवार रात क्राइम ब्रांच को सूचना मिली कि सदर बाजार क्षेत्र के गुटकेश्वर महादेव मंदिर के पास कुछ युवकों के पास बड़ी मात्रा में नकली नोट हैं। तुरंत घेराबंदी कर चारों को पकड़ा गया।
तलाशी में बैग से 500 रुपए के 400 नकली नोट बरामद हुए।

चारों दोस्त निकले मास्टर प्लानर
गिरफ्तार आरोपी—
- ऋषिकेश तोंडे
- वंश कैथवास
- रितेश नागर
- अंकुश यादव, सभी निवासी इंदौर
पूछताछ में युवकों ने बताया कि इंस्टाग्राम पर एक रील देखी थी, जिसमें नकली नोट बेचने वाला व्यक्ति अपना नंबर दे रहा था। जब उन्होंने संपर्क किया तो उसने खुद को गुजरात का बताया।
चारों ने लालच में आकर 50 हजार रुपए भेजकर नकली नोट मंगवा लिए। नोट मिलते ही वे इन्हें बाजार में चलाने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन इससे पहले ही गिरफ्तार हो गए।
मुख्य सप्लायर की तलाश में क्राइम ब्रांच
पुलिस अब उस सप्लायर की तलाश कर रही है, जिसने खुद को गुजरात का बताया था। क्राइम ब्रांच साइबर सेल की मदद से उसके नंबर और लोकेशन का पता लगा रही है।
क्राइम ब्रांच ने युवाओं को सोशल मीडिया पर दिखने वाले ऐसे वीडियो से सावधान रहने की अपील की है, क्योंकि कई गैंग इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप के जरिए नकली नोटों का नेटवर्क फैला रहे हैं।