भारतीय संस्कृति, सभ्यता और पारंपरिक मूल्यों की रक्षा के उद्देश्य से ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी ने राजधानी भोपाल से “पश्चिमी सभ्यता के खिलाफ जन-जागरूकता अभियान” की औपचारिक शुरुआत की। इस अभियान के तहत भोपाल के इतवारा इलाके में एक जागरूकता कार्यक्रम और शांतिपूर्ण प्रदर्शन आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में कमेटी के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और आम नागरिक शामिल हुए।
पश्चिमी प्रभावों पर कड़ा प्रहार
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन बल्ली ने पश्चिमी सभ्यता के बढ़ते प्रभावों पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी लंबे समय से उन गतिविधियों का विरोध करती आ रही है, जो देश, समाज और संस्कृति के नैतिक मूल्यों के खिलाफ हैं।

शमशुल हसन ने कहा कि आज पश्चिमी सभ्यता के नाम पर युवाओं के सामने जिस तरह की नग्नता, अश्लीलता और भड़काऊ प्रस्तुतियां परोसी जा रही हैं, उसका सीधा और नकारात्मक असर समाज की नई पीढ़ी, खासकर बहनों और बेटियों पर पड़ रहा है। उन्होंने इसे बेहद चिंताजनक बताते हुए कहा कि इसे रोकना केवल किसी एक संगठन की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
देशव्यापी स्तर पर चलेगा अभियान
उन्होंने स्पष्ट किया कि भोपाल से शुरू किया गया यह अभियान केवल मध्य प्रदेश तक सीमित नहीं रहेगा। ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी इसे देशभर में अपने कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के माध्यम से लगातार चलाएगी।
उन्होंने कहा कि जहां-जहां भी पश्चिमी संस्कृति के नाम पर अश्लीलता, सामाजिक मर्यादाओं का उल्लंघन या भारतीय परंपराओं के खिलाफ कार्यक्रम आयोजित होंगे, वहां कमेटी निगरानी रखेगी और संगठित एवं शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराएगी।
किसी समुदाय या त्योहार के खिलाफ नहीं है मुहिम
कार्यक्रम में मौजूद वक्ताओं ने साफ शब्दों में कहा कि यह अभियान किसी विशेष समुदाय, वर्ग या त्योहार के खिलाफ नहीं है। इसका उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना है कि सभी त्योहार और उत्सव भारतीय संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक मूल्यों के अनुरूप मनाए जाएं।
वक्ताओं ने कहा कि भारतीय सभ्यता में उत्सव आनंद, उल्लास और संस्कार का प्रतीक रहे हैं, न कि नग्नता, अशोभनीय नृत्य या भड़काऊ प्रस्तुतियों का। भारतीय संस्कृति में मर्यादा और शालीनता को हमेशा सर्वोच्च स्थान दिया गया है।

इतवारा इलाके में किया गया प्रदर्शन
अभियान के तहत इतवारा क्षेत्र में प्रदर्शन करते हुए कमेटी के सदस्यों ने हाथों में तख्तियां लेकर भारतीय संस्कृति के समर्थन और पश्चिमी सभ्यता के विरोध में नारे लगाए। प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और इसका उद्देश्य लोगों को जागरूक करना बताया गया।
पदाधिकारी और नागरिक रहे मौजूद
इस अवसर पर ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष तनवीर कुरेशी, प्रदेश मीडिया प्रभारी आरिफ खान सहित बड़ी संख्या में समिति के पदाधिकारी, सदस्य और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में भारतीय संस्कृति की रक्षा, सामाजिक मर्यादाओं की सुरक्षा और युवाओं को सही दिशा देने के लिए इस अभियान को लगातार जारी रखने का संकल्प लिया।
भविष्य में भी विरोध की चेतावनी
कमेटी ने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में कहीं भी भड़काऊ नृत्य, अशोभनीय प्रस्तुतियां या सामाजिक मर्यादाओं के खिलाफ गतिविधियां सामने आती हैं, तो संगठन शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करेगा। साथ ही प्रशासन से ऐसे आयोजनों पर सख्त कार्रवाई की मांग भी की जाएगी।
अभियान के माध्यम से कमेटी ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि आधुनिकता के नाम पर संस्कृति और मूल्यों से समझौता नहीं किया जा सकता और समाज को मिलकर अपनी परंपराओं की रक्षा करनी होगी।