भोपाल के जिंसी इलाके में नगर निगम द्वारा एक महीने पहले बड़े दावों के साथ शुरू किया गया आधुनिक स्लॉटर हाउस विवादों में घिर गया। स्लॉटर हाउस की एक गाड़ी से जब्त 26 टन मांस की जांच में गोमांस की पुष्टि हुई। इस रिपोर्ट के बाद गुरुवार को शहर में हंगामा मच गया।
हिंदू संगठनों का प्रदर्शन
रिपोर्ट के सामने आने के बाद हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने पुलिस कमिश्नर कार्यालय का करीब 6 घंटे तक घेराव कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सवाल उठाए कि राजधानी में गोमांस कैसे जा रहा है और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस कमिश्नर ने प्रदर्शनकारियों को कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
स्लॉटर हाउस सील, संचालक गिरफ्तार
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर नगर निगम की टीम भारी पुलिस बल के साथ जिंसी स्थित स्लॉटर हाउस पहुंची और 35 करोड़ रुपए के प्लांट को सील कर दिया। स्लॉटर हाउस का संचालन करने वाली कंपनी लाइवस्टॉक फूड प्रोसेसर प्रा. लि. के संचालक असलम कुरैशी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। जहांगीराबाद पुलिस ने इस मामले में 17 दिसंबर को असलम समेत दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। रिपोर्ट आने के बाद दोनों को जेल भेज दिया गया।

22 दिन पहले पकड़ी गई थी गाड़ी
शहर में रोज करीब 80 से अधिक मृत मवेशी मिलते हैं, जिन्हें स्लॉटर हाउस में लाया जाता है। नियम के मुताबिक गाय के शव को अलग तरीके से नष्ट किया जाना चाहिए और अन्य पशुओं से अलग तरह के उत्पाद बनाए जाते हैं। 22 दिन पहले हिंदू संगठनों ने स्लॉटर हाउस से निकल रही एक गाड़ी रोककर नमूने जांच के लिए भेजे थे। गुरुवार को आई रिपोर्ट में गोमांस की पुष्टि हुई।
नगर निगम की कार्रवाई और जांच
नगर निगम कमिश्नर संस्कृति जैन ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर स्लॉटर हाउस को तत्काल सील कर दिया गया है। साथ ही मामले की जांच चल रही है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए निगरानी और कड़ी की जाएगी।
यह मामला शहर में गोवंश संरक्षण और नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े करता है।