मऊगंज जिले के बनपाडर गांव में बीती रात एक भयावह घटना घटी, जिसमें कुछ लोगों ने जमीन विवाद को लेकर मां-बेटे पर तलवार और टांगी से हमला किया। घटना में घायल हुई सरिता शर्मा और उनके बेटे आकाश को रीवा के संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हमला और धमकी
सरिता शर्मा ने बताया कि उनके परिवार के ही प्रमोद पांडे, ऋषभ पांडे, श्रद्धा पांडे, राम गणेश शर्मा और रमाकांत शर्मा उनके घर में घुस आए और गाली-गलौज करने लगे। बेटे आकाश ने विरोध किया तो आरोपियों ने तलवार और टांगी से हमला कर दिया। घटना के दौरान आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी।
सरिता ने बताया कि यह विवाद जमीन को लेकर चल रहा है। आरोपियों के पिता ने अपने हिस्से की जमीन पहले ही बेच दी थी और अब वे सरिता के हिस्से की जमीन मांग रहे हैं।

तहसील में भी हुई मारपीट
सरिता ने आगे बताया कि कुछ दिन पहले तहसील में पेशी के दौरान आरोपियों ने उनके जेठ पर बल्ला और हॉकी से हमला किया था। जब उनके पति और बेटे ने विरोध किया और जेठ को बचाया, तब से आरोपी मौका ढूंढ रहे थे।
प्रशासन पर आरोप
सरिता का कहना है कि उन्होंने कई बार मऊगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि कलेक्टर और एसपी भी उनकी शिकायतों पर ध्यान नहीं दे रहे।
पुलिस की प्रतिक्रिया
मऊगंज थाने के टीआई संदीप भारतीय ने कहा कि बीट प्रभारी एसआई ज्ञानेंद्र पटेल बनपाडर गांव में विवेचना के लिए गए थे, लेकिन किसने महिला को ‘भौजाई’ कहा, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है।

एएसपी विक्रम सिंह ने कहा कि दोनों पक्षों के बीच जमीन का मामला सिविल कोर्ट में चल रहा है। सरिता के बयान के आधार पर प्रमोद पांडे, ऋषभ पांडे, राम गणेश शर्मा और रमाकांत शर्मा के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
आरोपी पक्ष की दलील
एसआई ज्ञानेंद्र पटेल ने कहा कि वह रविवार दोपहर तहसील में मारपीट की जांच कर रहे थे। इसी दौरान सरिता और उनके पति वहां पहुंचे और शोर मचाने लगे। उन्होंने कहा कि महिला द्वारा लगाए गए आरोप पूर्णत: निराधार हैं और उन्होंने कभी किसी महिला के साथ ऐसा संबोधन नहीं किया।
घटनास्थल का हाल
सरिता ने बताया कि उन्होंने आसपास के लोगों की मदद से खुद को बचाया, लेकिन आरोपियों ने धमकी दी कि वे सबको जान से मार देंगे। मामले के बाद आरोपी भाग गए।
प्रशासन की जांच जारी
घटना की गंभीरता को देखते हुए मऊगंज पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों में भय और आक्रोश का माहौल है।