बीना विकासखंड के ग्राम हिरण छिपा में आज फार्मर्स फील्ड स्कूल (किसान पाठशाला) का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी 50 से अधिक महिलाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। ये महिलाएं ग्राम एवं आसपास के क्षेत्रों में सब्जी उत्पादन और कृषि आधारित आजीविका से जुड़ी हुई हैं।
कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को नेट हाउस तकनीक के माध्यम से सब्जी एवं फसल उत्पादन की आधुनिक और उन्नत विधियों का प्रत्यक्ष प्रदर्शन खेतों में कराया गया। विशेषज्ञों द्वारा यह बताया गया कि किस प्रकार सुरक्षित खेती (प्रोटेक्टेड कल्टीवेशन) अपनाकर कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है और मौसम की मार से फसलों को बचाकर आय में निरंतर वृद्धि की जा सकती है।

यह कार्यक्रम कलेक्टर श्री संदीप जी आर के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। जिले में संचालित फार्मर्स फील्ड स्कूल के माध्यम से महिलाओं को न केवल सैद्धांतिक जानकारी दी जा रही है, बल्कि फील्ड स्तर पर व्यावहारिक प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जा रहा है। इसका उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाते हुए आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ना है, ताकि वे परंपरागत खेती से आगे बढ़कर लाभकारी और टिकाऊ खेती की ओर कदम बढ़ा सकें।

मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा महिलाओं की वर्तमान आय बढ़ाने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से यह एक महत्वपूर्ण पहल है। इस किसान पाठशाला में कृषि विभाग से श्री प्रताप बागरी एवं उद्यानिकी विभाग से श्री राघव जी ने सब्जी उत्पादन, फसल प्रबंधन, कीट-रोग नियंत्रण, उन्नत बीज चयन और बाजार से जुड़ाव जैसे विषयों पर उपयोगी जानकारियां साझा कीं।

कार्यक्रम में सीता सीएलएफ की अध्यक्ष प्रेमलता कुशवाहा सहित सविता प्रजापति, ममता कुशवाहा, नेहा अहिरवार, मोना यादव एवं अन्य स्वयं सहायता समूह की सदस्य महिलाएं उपस्थित रहीं। महिलाओं ने प्रशिक्षण को अत्यंत लाभकारी बताते हुए भविष्य में नेट हाउस तकनीक और सुरक्षित खेती को अपनाने की इच्छा जताई।
आयोजित किसान पाठशाला न केवल महिलाओं के ज्ञान और कौशल में वृद्धि का माध्यम बनी, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र में आजीविका संवर्धन की दिशा में एक सशक्त कदम भी साबित हुई।