भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य के सभी सीएम राइज स्कूलों का नाम बदलकर ‘सांदीपनि स्कूल’ रखने की ऐतिहासिक घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि “सीएम राइज स्कूल का नाम ऐसा लगता था जैसे अंग्रेजों के जमाने का हो, इसलिए इसे बदलकर सांदीपनि ऋषि के नाम पर किया गया है।” इस परिवर्तन के साथ ही राज्य भर में ‘स्कूल चलें हम’ अभियान-2025 का शुभारंभ भी किया गया।

प्रवेशोत्सव-2025 का भव्य आयोजन
राज्य स्तरीय प्रवेशोत्सव कार्यक्रम भोपाल के शासकीय नवीन उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय अरेरा कॉलोनी (ओल्ड कैंपियन) में आयोजित किया गया, जहां मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव समेत कई मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने छात्रों को शिक्षा के महत्व पर प्रेरणादायक संदेश दिया। उन्होंने कहा कि “शिक्षा किसी भी परिस्थिति में बाधित नहीं होनी चाहिए। सरकारी स्कूलों की शिक्षा भी किसी से कमतर नहीं है। सरकारी स्कूलों में पढ़कर भी कई महान व्यक्तित्वों ने विश्वभर में भारत का नाम रोशन किया है।”

मुख्य अतिथि और मंत्रीगण
कार्यक्रम में उपस्थिति रहे:
- डॉ. कुंवर विजय शाह – जनजातीय कार्य, लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री
- उदय प्रताप सिंह – स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री
- चैतन्य कुमार काश्यप – सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री
इन नेताओं ने शिक्षा क्षेत्र में सरकार के विभिन्न नवाचारों और योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया।
मुख्य घोषणाएँ और पहलें
- स्कूलों का नाम बदलना:
मुख्यमंत्री ने सीएम राइज स्कूलों का नाम बदलकर ‘सांदीपनि स्कूल’ रखने की घोषणा की, जो भारतीय संस्कृति और इतिहास से जुड़ा एक महत्वपूर्ण कदम है। - ‘स्कूल चलें हम’ अभियान-2025:
इस अभियान के तहत बच्चों को शिक्षा के प्रति प्रेरित करने के लिए कई गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी। - शैक्षणिक सामग्री का समय पर वितरण:
पहली बार राज्यभर में सभी जिलों में शैक्षणिक सामग्री समय पर वितरित की गई है। अब छात्र अपने बैग में ही किताबें पाकर स्कूल आएंगे। - जुलाई से बेटियों को साइकिल:
शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए जुलाई से बेटियों को नि:शुल्क साइकिल उपलब्ध कराई जाएगी। - एजुकेशन पोर्टल 3.0 का शुभारंभ:
छात्रों के प्रवेश और अन्य शैक्षणिक कार्यों को डिजिटल रूप से प्रबंधित करने के लिए एजुकेशन पोर्टल 3.0 का शुभारंभ किया गया। - राष्ट्रीय स्तर के खेल प्रतिभाओं का सम्मान:
कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय स्तर पर खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को सम्मानित किया गया।

विशेष गतिविधियाँ और आयोजन
- बालसभा का आयोजन: कक्षा 1 से 8 तक सभी स्कूलों में बालसभा का आयोजन किया गया।
- नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकों का वितरण: सभी विद्यार्थियों को नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकें वितरित की गईं।
- विशेष भोजन व्यवस्था: छात्रों के लिए विशेष भोजन की व्यवस्था की गई थी।
राज्य में शिक्षा का परिदृश्य
- मध्य प्रदेश में लगभग 92,000 सरकारी स्कूल हैं।
- इन स्कूलों में लगभग 85 लाख छात्र अध्ययनरत हैं।
- शिक्षा विभाग ने बच्चों के नामांकन के लिए विशेष अभियान चलाया है।

नवाचार और भविष्य की योजनाएँ
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में नई शिक्षा नीति को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। इससे विद्यार्थियों को तकनीकी शिक्षा, व्यवसायिक कौशल, और आत्मनिर्भर बनने के अवसर मिलेंगे। इसके अलावा, औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए इन्वेस्टर समिट जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
व्यूरो रिपोर्ट, रिपब्लिक सागर मीडिया
संवाददाता – अर्पित सेन
9109619237, 7806077338