इस हफ्ते सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। लगातार रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद अब दोनों कीमती धातुओं में तेज करेक्शन देखने को मिल रहा है, जिससे निवेशकों और खरीदारों दोनों की नजरें बाजार पर टिकी हुई हैं।
सोना 13,717 रुपए सस्ता
इस सप्ताह सोने की कीमत में 13,717 रुपए की गिरावट आई है। सोना अब 1,52,078 रुपए प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। इससे पहले 30 जनवरी को सोना 1,65,795 रुपए प्रति 10 ग्राम के ऑल टाइम हाई स्तर पर पहुंच गया था। ऊंचे दामों के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली शुरू की, जिसका सीधा असर कीमतों पर पड़ा।

चांदी में भारी गिरावट
चांदी की कीमतों में गिरावट और भी ज्यादा रही। इस हफ्ते चांदी 94,421 रुपए सस्ती होकर 2,44,929 रुपए प्रति किलो पर आ गई है। इससे पहले चांदी 3,39,350 रुपए प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी। इतनी बड़ी गिरावट ने बाजार को चौंका दिया है।
गिरावट के मुख्य कारण
विशेषज्ञों के मुताबिक सोने-चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे कई वजहें हैं।
पहली वजह प्रॉफिट बुकिंग है। हाल के दिनों में दोनों धातुएं रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं, जिसके बाद निवेशकों ने बड़े पैमाने पर मुनाफा वसूला।
दूसरी वजह फिजिकल डिमांड में कमी है। ऑल टाइम हाई के बाद ज्वेलरी और इंडस्ट्रियल सेक्टर से मांग कमजोर हुई है। खासकर चांदी के औद्योगिक उपयोग को लेकर चिंताओं का असर भी कीमतों पर पड़ा है।

ज्वेलरी खरीदते समय रखें ये सावधानियां
अगर आप इस गिरावट के बीच सोना खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है।
सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें
हमेशा BIS (ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड) हॉलमार्क वाला सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें। हॉलमार्क अल्फान्यूमेरिक कोड के रूप में होता है, जिससे सोने की शुद्धता और कैरेट की जानकारी मिलती है।
कीमत जरूर क्रॉस चेक करें
खरीदारी से पहले सोने का वजन और उस दिन का भाव अलग-अलग भरोसेमंद सोर्स से जांच लें। 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की कीमतें अलग-अलग होती हैं।

असली चांदी पहचानने के आसान तरीके
चांदी खरीदते समय उसकी शुद्धता पहचानना भी जरूरी है।
- मैग्नेट टेस्ट: असली चांदी चुंबक से नहीं चिपकती।
- आइस टेस्ट: असली चांदी पर रखी बर्फ बहुत तेजी से पिघलती है।
- स्मेल टेस्ट: असली चांदी में कोई गंध नहीं होती, नकली में तांबे जैसी गंध आ सकती है।
- क्लॉथ टेस्ट: सफेद कपड़े से रगड़ने पर अगर काला निशान आए, तो चांदी असली मानी जाती है।
आगे क्या रहेगा रुख
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में सोने-चांदी की कीमतें अंतरराष्ट्रीय संकेतों, डॉलर की चाल और ब्याज दरों पर निर्भर करेंगी। हालांकि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए गिरावट के ये स्तर खरीदारी का मौका भी साबित हो सकते हैं।