रहली। किसानों की सुविधाओं को लेकर प्रशासन की सक्रियता उस समय देखने को मिली जब रहली की कृषि उपज मंडी का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान मंडी परिसर में बनी सीमेंट-कंक्रीट सड़क जर्जर अवस्था में पाई गई, जो कई स्थानों पर उखड़ चुकी है। इससे मंडी में आने वाले किसानों और व्यापारियों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

निरीक्षण के दौरान किसानों और व्यापारियों ने मंडी परिसर में पेयजल की समुचित व्यवस्था न होने और प्रकाश व्यवस्था के अभाव की शिकायत भी की। उन्होंने बताया कि सुबह-शाम और रात के समय मंडी में पर्याप्त रोशनी न होने से दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है, वहीं पेयजल की सुविधा न होने से गर्मी के मौसम में किसानों को खासा कठिनाई उठानी पड़ती है।

अधिकारियों को दिए निर्देश
निरीक्षण के दौरान संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। मंडी बोर्ड के कार्यपालन यंत्री को मंडी परिसर की सड़कों, पेयजल व्यवस्था और प्रकाश व्यवस्था का शीघ्र सर्वे कर प्राक्कलन तैयार करने के निर्देश दिए गए। कहा गया कि तैयार प्राक्कलन जल्द प्रस्तुत किया जाए, ताकि आगामी फसल सीजन के पूर्व मंडी की सभी समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जा सके।

किसानों को मिलेगा लाभ
अधिकारियों ने कहा कि मंडी किसानों की आय और सुविधा से जुड़ा महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां बुनियादी सुविधाओं का सुदृढ़ होना आवश्यक है, जिससे किसान बिना किसी परेशानी के अपनी उपज का विक्रय कर सकें। मंडी परिसर के सुधार से न केवल किसानों को राहत मिलेगी, बल्कि व्यापारिक गतिविधियां भी सुचारु रूप से संचालित हो सकेंगी।
निरीक्षण के दौरान मंडी प्रशासन के अधिकारी, कर्मचारी तथा किसान व व्यापारी उपस्थित रहे। किसानों ने निरीक्षण और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए जाने पर संतोष व्यक्त किया और उम्मीद जताई कि जल्द ही मंडी की समस्याओं का समाधान होगा।