बीना। क्षेत्र के हड़कल खाती गांव में बीना रिफाइनरी द्वारा बनाई जा रही बाउंड्री वॉल को लेकर बुधवार को किसानों ने विरोध प्रदर्शन किया। किसानों का कहना है कि यदि रिफाइनरी द्वारा जमीन की घेराबंदी कर दी गई तो उनके खेतों तक जाने का वर्षों पुराना रास्ता बंद हो जाएगा, जिससे खेती कार्य प्रभावित होगा।
जानकारी के अनुसार, बीना रिफाइनरी अपनी भूमि की सुरक्षा के लिए लोहे के एंगल और टीन शेड लगाकर सीमांकन कार्य कर रही थी। जैसे ही निर्माण कार्य शुरू हुआ, आसपास के ग्रामीण और किसान मौके पर पहुंच गए और विरोध जताते हुए काम रुकवा दिया। किसानों का कहना है कि बाउंड्री वॉल बनने से खेतों तक पहुंचने का एकमात्र मार्ग बंद हो जाएगा।

किसानों की सूचना पर वार्ड पार्षद बीडी रजक भी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की बात सुनी। किसानों ने मांग रखी कि खेतों तक आने-जाने के लिए कम से कम 25 फीट चौड़ा रास्ता छोड़ा जाए, ताकि कृषि कार्य सुचारू रूप से जारी रह सके।
स्थिति को देखते हुए मौके पर पुलिस बल भी तैनात किया गया। हंगामे की सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार हेमराज मेहर घटनास्थल पर पहुंचे और रिफाइनरी प्रबंधन के अधिकारियों को भी बुलवाया। किसानों की समस्याएं सुनने के बाद नायब तहसीलदार ने रिफाइनरी प्रबंधन को निर्देश दिए कि जब तक प्रशासनिक स्तर पर कोई निर्णय नहीं हो जाता, तब तक निर्माण कार्य तत्काल प्रभाव से रोक दिया जाए।

नायब तहसीलदार ने कहा कि किसानों की चिंता उचित है, क्योंकि रास्ता बंद होने से उनकी खेती और आजीविका पर सीधा असर पड़ सकता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रशासन दोनों पक्षों से चर्चा कर ऐसा समाधान निकालेगा जिससे किसानों को आवागमन की सुविधा भी मिले और रिफाइनरी का कार्य भी बाधित न हो।
फिलहाल रिफाइनरी प्रबंधन ने प्रशासन के निर्देशों का पालन करते हुए निर्माण कार्य रोक दिया है। अब प्रशासन इस मामले में राजस्व अभिलेखों और स्थल की स्थिति का परीक्षण कर आगे की कार्रवाई तय करेगा।