नई दिल्ली। देश की राजधानी में चल रहे इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर बिल गेट्स अब इस वैश्विक एआई सम्मेलन में अपना मुख्य भाषण नहीं देंगे। यह जानकारी गेट्स फाउंडेशन की ओर से आधिकारिक रूप से साझा की गई है।
सोच-विचार के बाद लिया गया फैसला
फाउंडेशन ने अपने बयान में कहा कि यह निर्णय काफी विचार-विमर्श के बाद लिया गया है, ताकि समिट का पूरा ध्यान उसके मूल उद्देश्यों और प्राथमिकताओं पर केंद्रित रह सके। गेट्स की अनुपस्थिति में अब फाउंडेशन का प्रतिनिधित्व अंकुर वोरा करेंगे, जो अफ्रीका और भारत कार्यालयों के प्रेसिडेंट हैं। वे समिट के एक सत्र में फाउंडेशन के कार्यों और एआई के सामाजिक प्रभावों पर अपनी बात रखेंगे।

एपस्टीन केस से जुड़े दस्तावेजों का असर
सूत्रों के अनुसार, गेट्स के समिट से हटने की पृष्ठभूमि में अमेरिकी अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े हाल ही में सार्वजनिक किए गए दस्तावेजों में उनका नाम सामने आना बताया जा रहा है।
एपस्टीन पर यौन अपराधों और नाबालिगों की तस्करी के गंभीर आरोप थे। 2019 में उसकी आत्महत्या के बाद कई गोपनीय दस्तावेज सार्वजनिक किए गए हैं। इन फाइलों में एपस्टीन और गेट्स के बीच मुलाकातों का उल्लेख किया गया है।

गेट्स पहले भी एक इंटरव्यू में एपस्टीन से मुलाकातों पर अफसोस जता चुके हैं। उन्होंने कहा था कि “मैंने एपस्टीन के साथ जो भी समय बिताया, उसका मुझे पछतावा है और मैं इसके लिए माफी मांगता हूं।”
एनवीडिया के CEO ने भी दौरा टाला
समिट में जहां सुंदर पिचाई और सैम ऑल्टमैन जैसे वैश्विक टेक दिग्गज शामिल हो रहे हैं, वहीं एनवीडिया के CEO जेंसेन हुआंग ने भी अपना कार्यक्रम रद्द कर दिया है। हालांकि कंपनी की ओर से रद्द करने का कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया है।
पीएम मोदी ने किया उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी को इस बहुचर्चित टेक्नोलॉजी इवेंट का उद्घाटन किया। उद्घाटन के बाद उन्होंने भारत मंडपम में लगे विभिन्न स्टार्टअप पवेलियनों का दौरा कर एआई आधारित नवाचारों की जानकारी ली।

यह समिट 20 फरवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित किया जा रहा है। इसके साथ ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट एक्सपो 2026’ भी चल रहा है, जहां दुनियाभर की कंपनियां अपने नवीनतम एआई समाधान प्रस्तुत कर रही हैं।
आम लोगों के लिए भी खुला मंच
एक्सपो में आम नागरिक भी यह देख सकते हैं कि एआई तकनीक वास्तविक जीवन में कैसे काम कर रही है। खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और उद्योग जैसे क्षेत्रों में एआई के संभावित बदलावों को इंटरैक्टिव प्रदर्शनों के जरिए समझाया जा रहा है।
‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ थीम
समिट की थीम राष्ट्रीय विजन ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ पर आधारित है, जिसका अर्थ है—सभी का कल्याण, सभी का सुख। इसका उद्देश्य मानव-केंद्रित एआई विकास को बढ़ावा देना है, जिससे तकनीक का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे।

इस अंतरराष्ट्रीय आयोजन में 110 से अधिक देश और 30 से ज्यादा वैश्विक संगठन हिस्सा ले रहे हैं। करीब 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष और 45 से अधिक मंत्री सम्मेलन में भाग ले रहे हैं।
तीन स्तंभों पर आधारित विजन
इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 तीन प्रमुख ‘सूत्रों’ पर आधारित है—
1. पीपल (लोग): मानवाधिकारों की रक्षा करने वाला और समाज-केंद्रित एआई विकास।
2. प्लैनेट (ग्रह): पर्यावरण के अनुकूल और टिकाऊ तकनीकी समाधान।
3. प्रोग्रेस (प्रगति): समावेशी आर्थिक और तकनीकी उन्नति, जिससे समाज के हर वर्ग को लाभ मिले।
समिट के इस व्यापक एजेंडे के बीच बिल गेट्स का हटना निश्चित रूप से चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि आयोजकों का कहना है कि सम्मेलन का फोकस एआई के सकारात्मक वैश्विक प्रभाव और सहयोगात्मक विकास पर ही बना रहेगा।