गैस सिलेंडर संकट पर सड़क जाम: टीकमगढ़ में उपभोक्ताओं का प्रदर्शन !

Spread the love

मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ जिले में गैस सिलेंडर की कमी को लेकर शुक्रवार को उपभोक्ताओं का गुस्सा सड़क पर फूट पड़ा। गैस सिलेंडर न मिलने से परेशान लोगों ने कलेक्ट्रेट रोड पर स्थित गिरिराज एजेंसी के बाहर सिलेंडर रखकर जोरदार प्रदर्शन किया और सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए एजेंसी प्रबंधन के खिलाफ आक्रोश जताया, जिससे क्षेत्र में करीब एक घंटे तक यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा।

प्रदर्शन के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए देहात थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी चंद्रजीत यादव ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें शांत कराने का प्रयास किया और जाम हटाने की अपील की। पुलिस और प्रशासन की समझाइश के बाद धीरे-धीरे स्थिति सामान्य हुई और यातायात बहाल किया गया।

दरअसल, टीकमगढ़ में इन दिनों बड़ी संख्या में उपभोक्ता गैस सिलेंडर को लेकर परेशान हैं। लोगों का आरोप है कि गैस बुकिंग कराने के बावजूद उन्हें समय पर सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं। कई उपभोक्ताओं ने बताया कि उनके मोबाइल पर सिलेंडर डिलीवरी के मैसेज तो आ जाते हैं, लेकिन वास्तविक रूप से उन्हें सिलेंडर प्राप्त नहीं होता। इससे उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ती जा रही है।

स्थिति को और जटिल बना दिया है होम डिलीवरी सेवा के ठप होने ने। उपभोक्ताओं का कहना है कि पहले घर तक सिलेंडर पहुंच जाता था, लेकिन अब उन्हें खुद एजेंसी तक आना पड़ रहा है, जहां लंबी कतारों और अनिश्चितता का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए यह परेशानी और अधिक बढ़ जाती है, क्योंकि उन्हें बार-बार चक्कर लगाने पड़ते हैं।

गिरिराज एजेंसी के बाहर जमा हुए प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग की। उनका कहना था कि यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे। लोगों ने गैस एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और पारदर्शिता की मांग की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर विवेक श्रोतिय ने त्वरित हस्तक्षेप किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और गैस एजेंसी संचालकों को निर्देश दिए कि होम डिलीवरी सेवा तत्काल प्रभाव से शुरू की जाए, ताकि एजेंसियों पर भीड़ कम हो और उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर मिल सके। कलेक्टर ने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि किसी भी उपभोक्ता को अनावश्यक परेशानी न हो।

प्रशासन का मानना है कि होम डिलीवरी बहाल होने से न केवल भीड़ नियंत्रित होगी, बल्कि वितरण व्यवस्था भी सुचारू रूप से संचालित हो सकेगी। साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे नियमित रूप से गैस एजेंसियों की मॉनिटरिंग करें और वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करें।

इस घटना ने जिले में गैस वितरण व्यवस्था की खामियों को उजागर कर दिया है। जहां एक ओर उपभोक्ता बुनियादी सुविधा के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं प्रशासन को भी इस समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।

फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन यदि समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में इस तरह के विरोध प्रदर्शन और बढ़ सकते हैं। प्रशासन और एजेंसियों के समन्वय से ही इस संकट से निपटा जा सकता है, ताकि आम जनता को राहत मिल सके और ऐसी स्थिति दोबारा न बने।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *