सागर, 26 मई 2025। मध्य प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति एवं धार्मिक न्यास मंत्री श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने सागर की ऐतिहासिक लाखा बंजारा झील पर आयोजित गंगा आरती कार्यक्रम में शामिल होकर एक बड़ी घोषणा की। विधायक श्री शैलेंद्र जैन के अनुरोध पर मंत्री ने झील के नवग्रह मंडपम घाट का नाम बदलकर “लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर घाट” रखने की घोषणा की। यह निर्णय महारानी अहिल्याबाई होल्कर की 300वीं जन्मजयंती के उपलक्ष्य में लिया गया।

गंगा आरती का भव्य आयोजन
- सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर लाखा बंजारा झील पर दस दिवसीय स्वच्छता अभियान के समापन पर गंगा आरती का आयोजन किया गया।
- कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया, जिसमें महिलाओं और युवाओं की विशेष उपस्थिति रही।
- मंत्री श्री लोधी ने विधायक जैन, नगर निगम अध्यक्ष श्री वृंदावन अहिरवार, भाजपा जिला अध्यक्ष श्री श्याम तिवारी और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के साथ आरती में शामिल होकर धर्मलाभ लिया।
मंत्री और विधायक के संबोधन की मुख्य बातें
मंत्री श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी:
- “अहिल्याबाई होल्कर ने भारतीय संस्कृति और नारी शक्ति को गौरवान्वित किया। इस घाट का नामकरण उनकी स्मृति को समर्पित है।”
- “पर्यटन विभाग ने इस क्षेत्र के विकास के लिए 2.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं, जिससे यह स्थल और आकर्षक बनेगा।”
- “सागर की संस्कृति और धार्मिक महत्व को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी।”

विधायक श्री शैलेंद्र जैन:
- “मंत्री जी ने बुंदेलखंड की संस्कृति को संवारने में बड़ा योगदान दिया है।”
- “गंगा आरती अब नवनामित ‘अहिल्याबाई घाट’ पर नियमित रूप से आयोजित होगी, जो शहर की पहचान बनेगी।”
- “झील के विकास से सागर पर्यटन हब के रूप में उभरेगा।”
अन्य प्रमुख घोषणाएं
- अहिल्याबाई की प्रतिमा स्थापना:
- भाजपा जिला अध्यक्ष श्री श्याम तिवारी ने घाट पर महारानी अहिल्याबाई की प्रतिमा लगाने का प्रस्ताव रखा, जिसे मंत्री ने सहमति दी।
- स्वच्छता अभियान:
- नगर निगम अध्यक्ष श्री वृंदावन अहिरवार ने बताया कि नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत झील को प्रदूषण मुक्त रखने के प्रयास जारी हैं।
- पर्यावरण जागरूकता:
- आयोजन में स्मार्ट सिटी और नगर निगम द्वारा प्लास्टिक मुक्त अभियान को बढ़ावा दिया गया।

भविष्य की योजनाएं
- घाट का सौंदर्यीकरण: घाट को रात्रि प्रकाश व्यवस्था, फूलों की घाटी और सांस्कृतिक मंच से सजाया जाएगा।
- पर्यटन बढ़ाने के उपाय: जलक्रीड़ा केंद्र के साथ हर्बल गार्डन और क्रूज बोट सेवा शुरू की जाएगी।
निष्कर्ष
यह ऐतिहासिक निर्णय सागर की धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान देगा। मध्य प्रदेश सरकार की यह पहल “एक भारत-श्रेष्ठ भारत” के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
ब्यूरो रिपोर्ट रिपब्लिक सागर मीडिया !
संवाददाता – अर्पित सेन
7806077338, 9109619237